{"_id":"61437e508ebc3ebd4c101c2b","slug":"general-category-population-more-in-wardbandi-survey-there-is-a-possibility-of-reshuffle-in-np-chairperson-reservation-draw-fatehabad-news-hsr6118893169","type":"story","status":"publish","title_hn":"वार्डबंदी सर्वे में सामान्य वर्ग की आबादी ज्यादा, नप चेयरपर्सन आरक्षण ड्रॉ में फेरबदल के आसार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
वार्डबंदी सर्वे में सामान्य वर्ग की आबादी ज्यादा, नप चेयरपर्सन आरक्षण ड्रॉ में फेरबदल के आसार
विज्ञापन
नगर परिषद कार्यालय फतेहाबाद।
- फोटो : Fatehabad
नगर परिषद चेयरपर्सन पद के आरक्षण का ड्रॉ स्थानीय नगर निकाय 22 सितंबर को दोबारा निकालेगा। जून माह में निकाले गए चेयरपर्सन आरक्षण पद के ड्रॉ को रद्द कर दिया गया है। इसमें नगर परिषद फतेहाबाद भी शामिल है। वार्ड बंदी सर्वे में फतेहाबाद शहर में सामान्य वर्ग की आबादी 50 फीसदी से अधिक है। ऐसे में नप चेयरपर्सन के आरक्षण ड्रॉ में फेरबदल के आसार हैं। बता दें कि जून माह में निकाले गए ड्रॉ में नगर परिषद चेयरपर्सन पद अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित कर दिया गया था।
फतेहाबाद नगर परिषद चेयरपर्सन पद अनुसूचित जाति के लिए 34 साल बाद रिजर्व हुआ था। 1987 में नगर पालिका बनने तथा 16 साल पहले नगर परिषद बनने के बाद से चेयरपर्सन सामान्य वर्ग का ही बनता आ रहा था। अब नगर परिषद चेयरपर्सन पद अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित होने के बाद उम्मीदवारों ने तैयारियां भी शुरू कर दी थी। कई उम्मीदवारों ने जनसंपर्क अभियान भी शुरू कर दिया था और होर्डिंग्स लगने भी शुरू हो गए थे। लेकिन अब ड्रॉ दोबारा होने की सूचना के बाद निराशा देखने को मिल रही है।
सामान्य वर्ग के लिए हो सकता है आरक्षित
चेयरपर्सन पद के आरक्षण को लेकर ड्रॉ दोबारा निकालने के पीछे कारण यह बताया जा रहा है कि वार्डबंदी सर्वे होने से पहले ही ड्रा निकाल दिया गया। नगर परिषद फतेहाबाद की सीमा बढ़ने के बाद दोबारा सर्वे हुआ है। सर्वे होने के बाद अभी 21 सितंबर को वार्ड बनाने पर मंथन होना है। वार्डबंदी सर्वे में जो आंकड़ा सामने आया है उसके मुताबिक शहर में सामान्य वर्ग की जनसंख्या 47417, अनुसूचित जाति की 19737, बीसी जाति की 23125 मिली है। सर्वे में शहर की कुल जनसंख्या 90279 मिली है।
विज्ञापन
दोबारा ड्रॉ को लेकर सामान्य श्रेणी उम्मीदवारों में खुशी
नगर निकाय द्वारा जून माह में ड्रॉ निकालने से पहले कई लोग उम्मीदवारी जता रहे थे। इसमें अधिकतर सामान्य श्रेणी के लोग थे। नगर निकाय द्वारा ड्रॉ में चेयरपर्सन पद अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित करने के बाद सामान्य वर्ग से उम्मीदवारी दिखा रहे लोग गायब हो गए थे। अब नगर निकाय द्वारा दोबारा ड्रॉ निकाले जाने की सूचना के बाद चेहरे पर खुशी देखने को मिल रही है। अगर चेयरपर्सन पद ओपन होता है तो उम्मीदवारों की संख्या बढ़ सकती है।
जून में निकले ड्रॉ की ये थी स्थिति
स्थानीय नगर निकाय की तरफ से 22 जून को नगर परिषद और नगर पालिका में चेयरपर्सन पद के आरक्षण को लेकर ड्रा निकाला गया था। इस ड्रॉ में फतेहाबाद नगर परिषद अनुसूचित जाति, रतिया सामान्य वर्ग महिला, टोहाना सामान्य वर्ग, भूना भी सामान्य वर्ग के लिए आरक्षित हुआ था।
कोट
उम्मीदवारों के साथ मजाक है। सरकार की रद्द करने की व्यवस्था गलत है। ड्रॉ होने के बाद उम्मीदवार तैयारियों में जुटे हुए थे। इससे सामाजिक भाईचारा भी खराब होगा। फतेहाबाद अगर एससी से सामान्य वर्ग में होता है तो हम फिर भी चुनाव लड़ सकेंगे लेकिन जहां पर सामान्य वर्ग से अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित होता है तो उन्हें नुकसान होगा। वह करीब ढाई माह से तैयारियों में जुटे हैं।
- हरदीप सिंह, चेयरपर्सन उम्मीदवार फतेहाबाद।
कोट
चेयरपर्सन आरक्षण पद का ड्रा दोबारा होगा। कई जगहों पर वार्डबंदी सर्वे से पहले ड्रॉ हो गया था। अब नए सिरे से ड्रा निकाला जाएगा। नगर परिषद फतेहाबाद का वार्डबंदी सर्वे पूरा हो गया है।
- ऋषिकेश वर्मा, ईओ नगर परिषद।
विज्ञापन
फतेहाबाद नगर परिषद चेयरपर्सन पद अनुसूचित जाति के लिए 34 साल बाद रिजर्व हुआ था। 1987 में नगर पालिका बनने तथा 16 साल पहले नगर परिषद बनने के बाद से चेयरपर्सन सामान्य वर्ग का ही बनता आ रहा था। अब नगर परिषद चेयरपर्सन पद अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित होने के बाद उम्मीदवारों ने तैयारियां भी शुरू कर दी थी। कई उम्मीदवारों ने जनसंपर्क अभियान भी शुरू कर दिया था और होर्डिंग्स लगने भी शुरू हो गए थे। लेकिन अब ड्रॉ दोबारा होने की सूचना के बाद निराशा देखने को मिल रही है।
विज्ञापन
सामान्य वर्ग के लिए हो सकता है आरक्षित
चेयरपर्सन पद के आरक्षण को लेकर ड्रॉ दोबारा निकालने के पीछे कारण यह बताया जा रहा है कि वार्डबंदी सर्वे होने से पहले ही ड्रा निकाल दिया गया। नगर परिषद फतेहाबाद की सीमा बढ़ने के बाद दोबारा सर्वे हुआ है। सर्वे होने के बाद अभी 21 सितंबर को वार्ड बनाने पर मंथन होना है। वार्डबंदी सर्वे में जो आंकड़ा सामने आया है उसके मुताबिक शहर में सामान्य वर्ग की जनसंख्या 47417, अनुसूचित जाति की 19737, बीसी जाति की 23125 मिली है। सर्वे में शहर की कुल जनसंख्या 90279 मिली है।
विज्ञापन
दोबारा ड्रॉ को लेकर सामान्य श्रेणी उम्मीदवारों में खुशी
नगर निकाय द्वारा जून माह में ड्रॉ निकालने से पहले कई लोग उम्मीदवारी जता रहे थे। इसमें अधिकतर सामान्य श्रेणी के लोग थे। नगर निकाय द्वारा ड्रॉ में चेयरपर्सन पद अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित करने के बाद सामान्य वर्ग से उम्मीदवारी दिखा रहे लोग गायब हो गए थे। अब नगर निकाय द्वारा दोबारा ड्रॉ निकाले जाने की सूचना के बाद चेहरे पर खुशी देखने को मिल रही है। अगर चेयरपर्सन पद ओपन होता है तो उम्मीदवारों की संख्या बढ़ सकती है।
जून में निकले ड्रॉ की ये थी स्थिति
स्थानीय नगर निकाय की तरफ से 22 जून को नगर परिषद और नगर पालिका में चेयरपर्सन पद के आरक्षण को लेकर ड्रा निकाला गया था। इस ड्रॉ में फतेहाबाद नगर परिषद अनुसूचित जाति, रतिया सामान्य वर्ग महिला, टोहाना सामान्य वर्ग, भूना भी सामान्य वर्ग के लिए आरक्षित हुआ था।
कोट
उम्मीदवारों के साथ मजाक है। सरकार की रद्द करने की व्यवस्था गलत है। ड्रॉ होने के बाद उम्मीदवार तैयारियों में जुटे हुए थे। इससे सामाजिक भाईचारा भी खराब होगा। फतेहाबाद अगर एससी से सामान्य वर्ग में होता है तो हम फिर भी चुनाव लड़ सकेंगे लेकिन जहां पर सामान्य वर्ग से अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित होता है तो उन्हें नुकसान होगा। वह करीब ढाई माह से तैयारियों में जुटे हैं।
- हरदीप सिंह, चेयरपर्सन उम्मीदवार फतेहाबाद।
कोट
चेयरपर्सन आरक्षण पद का ड्रा दोबारा होगा। कई जगहों पर वार्डबंदी सर्वे से पहले ड्रॉ हो गया था। अब नए सिरे से ड्रा निकाला जाएगा। नगर परिषद फतेहाबाद का वार्डबंदी सर्वे पूरा हो गया है।
- ऋषिकेश वर्मा, ईओ नगर परिषद।