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Fatehabad News: भूना मिल बंद होने से किसानों को गन्ने का नहीं मिल रहा न्यूनतम समर्थन मूल्य

Wed, 19 Mar 2025 11:58 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद Updated Wed, 19 Mar 2025 11:58 PM IST
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Farmers are not getting the minimum support price for sugarcane due to the closure of Bhuna mill
भूना में लहलहाती गन्ने की फसल
फतेहाबाद। किसानों को गन्ने की फसल पर न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) नहीं मिल पा रहा है। सरकार की ओर से राज्य के किसानों को 24 फसलों पर एमएसपी कानून गांरटी को लागू कर दिया है, लेकिन जिले में गन्ना मिल नहीं होने किसानों को गन्ने की फसल के लिए कोई सरकारी खरीदार नहीं मिल पा रहा है।
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इसका कारण जिले में गन्ना मिल का न होना है। इससे किसानों को गन्ने की फसल को निजी व्यापारियों को सस्ते दरों में बेचने पड़ता है। गौरतलब है कि जिले में इस साल गन्ने की फसल का कुल रकबा 2000 हेक्टेयर है। इसमें कुल 900 किसानों ने गन्ने की रोपाई की है। केंद्र सरकार की ओर से गन्ने का एमएसपी 315 रुपये प्रति क्विंटल से बढ़ाकर 340 रुपये प्रति क्विंटल कर दिया गया है। हालांकि गन्ने की किस्म के अनुसार भाव में अंतर भी है।
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किसानों का कहना है कि जिले में स्थित भूना की गन्ना मिल वर्ष 2009 में बंद हो गई। इससे गन्ने की फसल जिले में नहीं बिक रही है, जिससे किसानों को गन्ना जींद या उत्तर प्रदेश में ले जाकर बेचना पड़ रहा है। वहीं भूना की गन्ना मिल बंद होने से भूना खंड में गन्ने की फसल के रकबे में कमी आई है।
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मैंने पांच एकड़ में गन्ने की फसल की बुवाई की है, गन्ने की फसल अब पककर तैयार हो चुकी है। लेकिन सरकार की ओर से गन्ने की फसल को एमएसपी की खरीद करने के लिए न तो निर्देश जारी नहीं किए है और न ही कोई अन्य विकल्प अपनाया गया है।

महेंद्र सिंह, किसान, भूना





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किसानों को यदि गन्ने की फसल का एमएसपी मिलता है, तो इससे किसानों को आय बढ़ोतरी हो सकती है। लेकिन किसान गन्ने की फसल को सस्ती दरों पर बेचने के लिए मजबूर हैं। वहीं गन्ने को दूसरे राज्य में ले जाकर बेचने में खर्च ज्यादा आता है। इससे किसान मुनाफा नहीं कमा पाते।

नरेंद्र, किसान, गांव भूथन कलां





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मैंने पिछले वर्ष 10 एकड़ में गन्ने की फसल की बुवाई की थी, जिसके लिए मुझे कोई सरकारी खरीदार नहीं मिल सका। ऐसे में मैंने 300 रुपये प्रति क्विंटल के भाव से गन्ने को बेचना पड़ा।


मनु किसान, गोरखपुर









गन्ने को एमएसपी पर खरीदने के लिए मिल का होना जरूरी है, ऐसे में किसानों से एमएसपी पर खरीद नहीं की जा सकती है। वहीं जिले में गन्ने की फसल की बिजाई भी कम है।



डॉ. रामेश्वर, सहायक गन्ना विकास अधिकारी, भूना
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