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Bhiwani News: वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाने और प्रबंधन का पुलिसकर्मियों को दिया प्रशिक्षण
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पुलिस कर्मचारियों और अधिकारियों को कार्यशाला में प्रशिक्षण देते विशेषज्ञ व मौजूद एसपी मयंक मि
भिवानी। जिला पुलिस ने शनिवार को एक दिवसीय कैपेसिटी बिल्डिंग सेमिनार आयोजित कर अधिकारियों और कर्मचारियों को वैज्ञानिक साक्ष्य प्रबंधन व गुणवत्तापूर्ण अनुसंधान का प्रशिक्षण दिया। एसपी मयंक मिश्रा के दिशा-निर्देश में आयोजित सेमिनार में अपराध स्थल के प्रबंधन, साक्ष्य संकलन और सुरक्षित रखरखाव की जानकारी दी गई।
इसमें थाना प्रबंधकों, पुलिस उपाधीक्षकों और अनुसंधान अधिकारियों ने भाग लिया। गीता यूनिवर्सिटी, पानीपत के स्कूल ऑफ साइंसेज के डीन एवं फोरेंसिक साइंस प्रोफेसर प्रो. (डॉ.) जसकरण सिंह और असिस्टेंट प्रोफेसर साहिल शर्मा ने दो बैचों में प्रशिक्षण दिया।
व्यावहारिक अभ्यास से समझी साक्ष्य संकलन की प्रक्रिया
प्रो. जसकरण सिंह ने अपराध स्थल से न्यायालय तक साक्ष्य की अखंडता, पहचान, वैज्ञानिक संग्रहण और दस्तावेजीकरण का महत्व समझाया। साहिल शर्मा ने भौतिक, जैविक, ट्रेस और डिजिटल साक्ष्यों की पैकेजिंग, लेबलिंग, सीलिंग, हस्तांतरण के दौरान चेन ऑफ कस्टडी का रिकॉर्ड रखने और क्रॉस-कंटैमिनेशन से बचाव की जानकारी दी। सिमुलेशन आधारित अभ्यास में पुलिसकर्मियों ने साक्ष्यों की पहचान, संग्रहण, पैकेजिंग, सीलिंग और सुपुर्दगी की प्रक्रिया सीखी। एसपी मयंक मिश्रा ने कहा कि वैज्ञानिक दृष्टिकोण और कानूनी प्रक्रिया का पालन जांच को मजबूत बनाने में अहम है।
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इसमें थाना प्रबंधकों, पुलिस उपाधीक्षकों और अनुसंधान अधिकारियों ने भाग लिया। गीता यूनिवर्सिटी, पानीपत के स्कूल ऑफ साइंसेज के डीन एवं फोरेंसिक साइंस प्रोफेसर प्रो. (डॉ.) जसकरण सिंह और असिस्टेंट प्रोफेसर साहिल शर्मा ने दो बैचों में प्रशिक्षण दिया।
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व्यावहारिक अभ्यास से समझी साक्ष्य संकलन की प्रक्रिया
प्रो. जसकरण सिंह ने अपराध स्थल से न्यायालय तक साक्ष्य की अखंडता, पहचान, वैज्ञानिक संग्रहण और दस्तावेजीकरण का महत्व समझाया। साहिल शर्मा ने भौतिक, जैविक, ट्रेस और डिजिटल साक्ष्यों की पैकेजिंग, लेबलिंग, सीलिंग, हस्तांतरण के दौरान चेन ऑफ कस्टडी का रिकॉर्ड रखने और क्रॉस-कंटैमिनेशन से बचाव की जानकारी दी। सिमुलेशन आधारित अभ्यास में पुलिसकर्मियों ने साक्ष्यों की पहचान, संग्रहण, पैकेजिंग, सीलिंग और सुपुर्दगी की प्रक्रिया सीखी। एसपी मयंक मिश्रा ने कहा कि वैज्ञानिक दृष्टिकोण और कानूनी प्रक्रिया का पालन जांच को मजबूत बनाने में अहम है।
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