कोरोना काल में यहां तीन गुना बढ़ी ऑक्सीजन के सिलिंडरों की मांग, ये है बड़ी वजह
कोरोना के बढ़ते मरीजों के कारण गोरखपुर शहर में ऑक्सीजन सिलिंडरों की मांग तीन गुना तक बढ़ गई है। निजी अस्पतालों से लेकर बीआरडी मेडिकल कॉलेज में ऑक्सीजन की खपत अधिक हो गई है। जहां पहले 300 जंबो सिलिंडर प्रतिदिन की खपत थी, अब वहीं इनकी संख्या 850-900 सिलिंडर प्रतिदिन हो गई है। बताया जा रहा है कि यह खपत अभी और बढ़ेगी, क्योंकि मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है।
सरकारी और निजी अस्पतालों में कोविड मरीजों का इलाज चल रहा है। औसतन हर अस्पताल में 50 से 60 जंबो सिलिंडरों की जरूरत प्रतिदिन पड़ रही है, जबकि महज दो माह पहले औसतन हर अस्पताल 15-20 सिलिंडर ही लेते थे। बीआरडी और निजी अस्पतालों में गंभीर मरीजों को ऑक्सीजन लगातार दिया जा रहा है। इसकी वजह से ऑक्सीजन की डिमांड बढ़ी है। मोदी गैस के निदेशक प्रवीण मोदी ने बताया कि ऑक्सीजन सिलिंडरों की खपत काफी बढ़ गई है।
छोटे सिलिंडर की भी बढ़ी डिमांड
होम आइसोलेशन में मरीजों की बढ़ती संख्या के बीच ऑक्सीजन के छोटे सिलिंडर की डिमांड भी बढ़ गई है। जिन छोटे सिलिंडरों की खपत दो महीने पहले औसतन 20 से 25 थी। अब उनकी संख्या बढ़कर 60 से 70 तक पहुंच गई है। प्रवीण मोदी ने बताया कि होम आइसोलेशन होने वाले मरीज इस सिलिंडर का उपयोग कर रहे हैं।
मेडिकल कॉलेज में 50 हजार क्यूबिक लीटर का टैंक, 622 जंबो सिलिंडर मौजूद
बीआरडी मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. गणेश कुमार ने बताया कि कॉलेज में ऑक्सीजन की कोई कमी नहीं है। पर्याप्त मात्रा में ऑक्सीजन उपलब्ध है। 50 हजार क्यूबिक लीटर के टैंक और 622 जंबो सिलिंडर मौजूदा समय में रिजर्व रखे गए हैं। इसके अलावा कॉलेज में लिक्विड मेडिकल ऑक्सीजन की सप्लाई भी हो रही है।