{"_id":"64ca1e2453f3c8aa990c4c48","slug":"rush-to-submit-itr-returns-in-gorakhpur-2023-08-02","type":"story","status":"publish","title_hn":"ITR Returns: आईटीआर रिटर्न जमा करने के लिए मची रही आपाधापी, जुर्माना से बचने के लिए लगी होड़","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
ITR Returns: आईटीआर रिटर्न जमा करने के लिए मची रही आपाधापी, जुर्माना से बचने के लिए लगी होड़
Wed, 02 Aug 2023 02:43 PM IST
vivek shukla
संवाद न्यूज एजेंसी गोरखपुर।
संवाद न्यूज एजेंसी गोरखपुर।
Published by: vivek shukla
Updated Wed, 02 Aug 2023 02:43 PM IST
सार
सीए हिमांशु अग्रवाल ने बताया कि ढाई लाख से ऊपर कर जमा करने वालों को विलंब होने पर एक हजार, जबकि पांच लाख रुपये तक कर जमा करने वालों को पांच हजार रुपये का जुर्माना भरना पड़ेगा। उनके टैक्स रिटर्न में जुर्माने की राशि दिखेगी।
विज्ञापन
ITR
- फोटो : पिक्साबे
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
वित्तीय वर्ष 2022-23 आईटीआर रिटर्न जमा करने की अंतिम तिथि 31 जुलाई होने के कारण रात 12 बजे तक रिटर्न फाइल करने के लिए आपाधापी मची रही। ऐसा पहली बार था कि लोगों ने पेनाल्टी के डर से देर रात तक आईटीआर को फाइल किए।
फाइनेंशियल एडवाइजरों ने बताया कि आयकर विभाग ने वित्तीय वर्ष 2021-22 के लिए आईटीआर फाइल करने के लिए 31 दिसंबर 2022 तक का समय दिया था। तय समय के बाद वित्तीय वर्ष 2021-22 आईटीआर जमा करने पर जुर्माने की व्यवस्था की गई है।
सीए हिमांशु अग्रवाल ने बताया कि ढाई लाख से ऊपर कर जमा करने वालों को विलंब होने पर एक हजार, जबकि पांच लाख रुपये तक कर जमा करने वालों को पांच हजार रुपये का जुर्माना भरना पड़ेगा। उनके टैक्स रिटर्न में जुर्माने की राशि दिखेगी। इसके अलावा कर जमा करने वालों के पास सरकार नोटिस भी भेज सकती है।
विज्ञापन
सीए हिमांशु अग्रवाल ने कहा कि भले ही आप पर कोई टैक्स की देनदारी नहीं है, लेकिन आईटीआर रिटर्न फाइल करना बुद्धिमानी है। इससे उस वित्त वर्ष के लिए आपकी आय ऑन रिकॉर्ड आ जाती है। यह आपको मानसिक शांति देगा। इसके अलावा आप कोई होम लोन लेते है तो आईटीआर को दिखा सकते हैं।
सीए मोहित अग्रवाल ने कहा कि आयकर रिटर्न भारत सरकार से इनकम प्रूफ के प्रमाणित दस्तावेज के रूप में कार्य करता है। आईटीआर जमा करने से लोन स्वीकृत करने की प्रक्रिया आसान हो सकती है। सरकार समय से कर जमा करने वालों को लाभ भी दे रही है। अभी नहीं, लेकिन आने वाले दिनों में रिटर्न के फायदे दिखेंगे।
सीए अर्पित अग्रवाल ने कहा कि समय से अपने कर को जमा कर वाले आसानी से विदेश का सफर कर सकते हैं। इससे जुर्माना तो बचेगा ही साथ मेंआयकर रिटर्न भारत सरकार से इनकम प्रूफ के प्रमाणित दस्तावेज के रूप में कार्य करेगा।
विज्ञापन
फाइनेंशियल एडवाइजरों ने बताया कि आयकर विभाग ने वित्तीय वर्ष 2021-22 के लिए आईटीआर फाइल करने के लिए 31 दिसंबर 2022 तक का समय दिया था। तय समय के बाद वित्तीय वर्ष 2021-22 आईटीआर जमा करने पर जुर्माने की व्यवस्था की गई है।
विज्ञापन
सीए हिमांशु अग्रवाल ने बताया कि ढाई लाख से ऊपर कर जमा करने वालों को विलंब होने पर एक हजार, जबकि पांच लाख रुपये तक कर जमा करने वालों को पांच हजार रुपये का जुर्माना भरना पड़ेगा। उनके टैक्स रिटर्न में जुर्माने की राशि दिखेगी। इसके अलावा कर जमा करने वालों के पास सरकार नोटिस भी भेज सकती है।
विज्ञापन
सीए हिमांशु अग्रवाल ने कहा कि भले ही आप पर कोई टैक्स की देनदारी नहीं है, लेकिन आईटीआर रिटर्न फाइल करना बुद्धिमानी है। इससे उस वित्त वर्ष के लिए आपकी आय ऑन रिकॉर्ड आ जाती है। यह आपको मानसिक शांति देगा। इसके अलावा आप कोई होम लोन लेते है तो आईटीआर को दिखा सकते हैं।
सीए मोहित अग्रवाल ने कहा कि आयकर रिटर्न भारत सरकार से इनकम प्रूफ के प्रमाणित दस्तावेज के रूप में कार्य करता है। आईटीआर जमा करने से लोन स्वीकृत करने की प्रक्रिया आसान हो सकती है। सरकार समय से कर जमा करने वालों को लाभ भी दे रही है। अभी नहीं, लेकिन आने वाले दिनों में रिटर्न के फायदे दिखेंगे।
सीए अर्पित अग्रवाल ने कहा कि समय से अपने कर को जमा कर वाले आसानी से विदेश का सफर कर सकते हैं। इससे जुर्माना तो बचेगा ही साथ मेंआयकर रिटर्न भारत सरकार से इनकम प्रूफ के प्रमाणित दस्तावेज के रूप में कार्य करेगा।