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गोरखपुर: दो महीने पहले भी गोरखपुर आई थी एनआईए टीम, अबकी पूरी तैयारी से आए अफसर; की पूछताछ

Thu, 28 Sep 2023 10:47 AM IST
vivek shukla अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर। Published by: vivek shukla Updated Thu, 28 Sep 2023 10:47 AM IST
सार

शशांक के पिता नित्यानंद 10 वर्ष पहले नौकरी की तलाश में गोरखपुर आए थे। सिंघड़िया के आदर्शनगर स्थित बंद नमकीन फैक्टरी को खरीद कर उसी में रहने लगे थे। छह वर्ष पहले नित्यानंद की मौत हो गई, जिसके बाद शशांक पंजाब चला गया। वहां वह गोल्डी व लॉरेंस बिश्नोई के साथ काम करने लगा।

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NIA team had come to Gorakhpur two months ago also,
सांकेतिक तस्वीर। - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) की टीम जुलाई में भी गोरखपुर आई थी। शहर के एक होटल में दो दिन तक रुकी थी। उस दौरान गोरखपुर के अलावा कुशीनगर, महराजगंज में भी टीम गई थी, लेकिन उस समय किसी से पूछताछ नहीं की गई थी। बताया जा रहा है कि अब टीम ढेर सारी जानकारियां जुटाने के बाद दोबारा आई है और इस बार पूछताछ कर रही है।
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शशांक के पिता नित्यानंद 10 वर्ष पहले नौकरी की तलाश में गोरखपुर आए थे। सिंघड़िया के आदर्शनगर स्थित बंद नमकीन फैक्टरी को खरीद कर उसी में रहने लगे थे। छह वर्ष पहले नित्यानंद की मौत हो गई, जिसके बाद शशांक पंजाब चला गया। वहां वह गोल्डी व लॉरेंस बिश्नोई के साथ काम करने लगा। उनके लिए असलहा सप्लाई करने लगा।
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बिहार और गोरखपुर पुलिस एनआईए के आने से पहले सिंघड़िया में शशांक पांडेय के उस मकान में गई थी, जहां वह रहा करता था। बताया जा रहा है कि वर्तमान में वहां पर किरायेदार हैं। चार किरायेदारों के आधार कार्ड की फोटो कॉपी टीम ने लिया है। बाद में इसे एनआईए टीम को सुपुर्द कर दिया गया। इसके अलावा गोरखपुर में उसके आपराधिक रिकॉर्ड को खंगाला गया है। यहां पर उसका कोई आपराधिक इतिहास नहीं मिला है।

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जानकारी के मुताबिक, बुधवार भोर में चार बजे बिहार और गोरखपुर पुलिस उस मकान में पहुंची थी, जहां शशांक रहता था। एक घंटा रही। इस दौरान उसने मकान मालिक यादव व चार मजदूर किरायेदार से बात की। सबका आधार कार्ड जमा किया। साथ ही अशोक यादव उर्फ अमन के बारे में पूछा।

 

बाद में एनआईए टीम भी यहीं पर गई थी। लोगों का कहना है कि वह गरीब था। कभी लगा नहीं कि वह बहुत बड़ा अपराधी है। अधिकांश लोग उसके भाई राहुल से ही मिले थे, कभी शशांक को नहीं देखे थे। किरायेदार दयान, आकाश आदि से बात की।
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