फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Gorakhpur News ›   Gorakhpur News: Group loan case: Another then field officer arrested

समूह लोन प्रकरण : एक और तत्कालीन फील्ड अफसर गिरफ्तार

Sat, 05 Apr 2025 01:13 AM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Sat, 05 Apr 2025 01:13 AM IST
विज्ञापन
Gorakhpur News: Group loan case: Another then field officer arrested
गिरफ्तार तत्कालीन फील्ड अफसर महाराजगंज में एक माइक्रो फाइनेंस में बीसीएम के पद पर है तैनात
विज्ञापन

पुलिस टीम संलिप्त अन्य कर्मियों के साथ पूर्व प्रबंधक की गिरफ्तारी में जुटी
गोरखपुर। समूह लोन प्रकरण में एक और तत्कालीन फील्ड अफसर अभय तिवारी को पुलिस ने गोला क्षेत्र से शुक्रवार को गिरफ्तार कर लिया। प्रकरण में बृहस्पतिवार को तत्कालीन फील्ड अफसर आशुतोष दुबे को पुलिस ने गिरफ्तार किया था। शुक्रवार को दोनों से पूछताछ में उनकी निशानदेही पर शाखा में काम के दौरान इस्तेमाल किए गए टैबलेट को जब्त किया गया। दोनों पर महिलाओं के लोन माफ कराने के लिए उनके पति के फर्जी मृत्यु प्रमाणपत्र का सत्यापन करने का आरोप है। गिरफ्तार फील्ड अफसर वर्तमान में महाराजगंज के एक माइक्रो फाइनेंस में बीसीएम के पद पर तैनात है।
गोला कस्बा स्थित भारत फाइनेंसियल इंक्लूजन लिमिटेड सब्सिडीयरी इंडसइंड बैंक (माइक्रो फाइनेंस कंपनी) में फर्जी मृत्यु प्रमाणपत्र लगाकर करीब 6 लाख 44 हजार 197 रुपये का गबन हुआ था। मामले में शाखा में पहले तैनात रह चुके प्रबंधक ने तत्कालीन शाखा प्रबंधक बृजेश कुमार व एक अन्य के विरुद्ध जालसाजी कर गबन करने का आरोप लगाते हुए केस दर्ज कराया था। मामले की जांच शुरु हुई तो छह कर्मियों के साथ मिलकर 13 महिलाओं के पति को मृत बताकर उनका फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र लगाकर फर्जीवाड़े की बात सामने आई। इसके बाद पति का फर्जी मृत्यु प्रमाणपत्र लगाकर लोन माफ कराने के आरोप में चार महिलाओं को गिरफ्तार कर जेल भिजवा दिया गया।
विज्ञापन

इसके बाद एसएसपी गौरव ग्रोवर के निर्देश पर एसपी साउथ जितेंद्र कुमार तोमर ने विवेचक को बदलते समूह लोन प्रकरण में शामिल आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम का गठन किया। दो दिन में पुलिस टीम ने दो तत्कालीन फील्ड अफसर को दबोच लिया। बताया जा रहा है कि समूह लोन प्रकरण के पर्दाफाश के करीब पुलिस पहुंच गई है।
विज्ञापन
विज्ञापन

बृहस्पतिवार को पुलिस के हत्थे चढ़े तत्कालीन फील्ड अफसर आशुतोष दुबे की निशानदेही पर वर्तमान में महाराजगंज जिले की एक माइक्रो फाइनेंस कंपनी में बीसीएम के पद पर तैनात अभय तिवारी को गिरफ्तार किया गया। अभय तिवारी उस समय शाखा में फील्ड अफसर था। पुलिस टीम को पूछताछ में लोन माफ कराने के लिए फर्जी प्रमाण पत्रों के सत्यापन में इनकी संलिप्तता मिली। वहीं पुलिस की राडार पर कुछ और कर्मी भी हैं। जिनकी हर गतिविधियों पर नजर रखी जा रही ह। पुलिस टीम तत्कालीन शाखा प्रबंधक के साथ अन्य तीन से चार कर्मियों की गिरफ्तारी के लिए दबिश दे रही है।
-----

कोट
समूह लोन प्रकरण में दो तत्कालीन फील्ड अफसर को से पुलिस पूछताछ कर रही है। महिलाओं के पति के फर्जी मृत्यु प्रमाणपत्र के सत्यापन में इन दोनों की भूमिका रही है। घटना के समय का मिले टैबलेट को जब्त कर जांच की जा रही है। तत्कालीन शाखा प्रबंधक के साथ अन्य कर्मियों गिरफ्तारी में पुलिस टीम जुटी हुई है।

जितेंद्र कुमार तोमर, एसपी साउथ
----
गिरफ्तार तीन महिलाओं की जमानत अर्जी खारिज, हाईकोर्ट में अपील करेंगे परिजन
गोला (गोरखपुर)। समूह लोन प्रकरण में गिरफ्तार कर जेल भेजी गईं चार में से तीन महिलाओं की जमानत अर्जी जिला सत्र न्यायाधीश की अदालत से खारिज हो गई है।
एक आरोपी महिला आयशा पत्नी इस्लाम की जमानत के लिए उनके अधिवक्ता ने बृहस्पतिवार को अर्जी दी थी, जो खारिज हो गई। शुक्रवार को साधना पत्नी विनय मौर्या व मोती देवी पत्नी गौरीशंकर की जमानत की अर्जी खारिज हो गई। तीनों के परिजनों ने बताया कि बड़ी उम्मीद थी कि जमानत मिल जाएगी, लेकिन नहीं मिली। परिवार की महिलाओं ने कोई गलती नहीं की है। कर्मियों ने झांसे में लेकर सारा खेल किया है और सजा वह भुगत रही हैं। इस प्रकरण के बाद से रिश्तेदारी में काफी बदनामी भी हो रही हैं। परिजनों ने कहा कि वह सोमवार को हाईकोर्ट में जमानत के लिए अपील करेंगे। इधर विवेचक व थानाध्यक्ष वेदप्रकाश शर्मा ने शुक्रवार को बैंक पर पहुंचकर कर्मियों से पूछताछ की।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed