फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Gorakhpur News ›   Newborn baby girl found behind Durga temple in Gulriha

गोरखपुर: दुर्गा मंदिर के पीछे मिली नवजात बच्ची, गांव की महिला ने गोद लेने की जताई इच्छा

Wed, 19 Jan 2022 11:58 AM IST
vivek shukla अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर। Published by: vivek shukla Updated Wed, 19 Jan 2022 11:58 AM IST
सार

पुलिस ने बच्ची को मेडिकल कॉलेज स्वास्थ्य जांच के लिए भेजा, फिर चाइल्ड लाइन को सौंपेंगे। गांव वालों ने रोने की आवाज सुनकर पुलिस को सूचना दी।

विज्ञापन
Newborn baby girl found behind Durga temple in Gulriha
मौके पर जुटे ग्रामीण। - फोटो : अमर उजाला।

विस्तार

गोरखपुर जिले के गुलरिहा इलाके के सियारामपुर गांव के टोला नंदापार के पूरब स्थित दुर्गा मंदिर के पीछे मंगलवार शाम सात बजे नवजात बच्ची मिली। कड़ाके की ठंड में बच्ची को नार सहित कोई छोड़ गया था। उसके रोने की आवाज सुनकर ग्रामीण उस ओर गए तो नवजात को देख हतप्रभ रह गए। गांव वालों ने तत्काल उसे गर्म कपड़े में लपेटा और पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने बच्ची को मेडिकल कॉलेज भेजा है। स्वास्थ्य जांच के बाद उसे चाइल्ड लाइन को सुपुर्द किया जाएगा। नवजात को किसने फेंका है, इसकी जांच पुलिस शुरू कर दी है।

विज्ञापन


जानकारी के मुताबिक, दुर्गा मंदिर के पास राजकुमार व सत्यव्रत टहलने गए थे। इन्हीं लोगों ने मंदिर के पीछे बच्ची के रोने की आवाज सुनी। पास जाकर देखा तो बच्ची के शरीर पर कपड़े नहीं थे। दोनों युवकों ने उसे कपड़ा ओढ़ाकर ग्रामीणों को सूचित किया। इसके बाद पहुंचीं महिलाओं ने गर्म कपड़े में उसे लपेटा। सूचना पर कुछ देर में ही पुलिस भी मौके पर पहुंच गई।

विज्ञापन

गांव की महिला ने गोद लेने की इच्छा जताई

गांव की गीता पत्नी सूर्यनाथ बच्ची मिलने की सूचना पर मौके पर पहुंचीं थीं। उन्होेंने बच्ची को गोद लेने की इच्छा जताई है। उनके दो लड़के ही हैं, बड़ा बेटा आर्यन (10) और अंश (7)। गीता की इच्छा है कि उनके पास बेटी नहीं है, इस वजह से उन्हें दे दिया जाए। पुलिस ने कानूनी प्रक्रिया के तहत बच्ची को गोद लेने की बात कही और फिर इलाज को लेकर चली गई।

विज्ञापन
विज्ञापन


 

इन धाराओं में केस दर्ज कर होनी चाहिए कार्रवाई

  • धारा  315 आईपीसी : शिशु को जीवित पैदा होने से रोकने या जन्म के पश्चात मृत्यु कारित करने के आशय से किया गया कार्य।
  • सजा : दस वर्ष तक कारावास और आर्थिक दंड
  • धारा 317 आईपीसी : माता-पिता या नवजात की देखरेख करने वाले व्यक्ति द्वारा 12 वर्ष से कम आयु के बच्चे का परित्याग करना अपराध है।
  • सजा : सात साल या फिर जुर्माना, या फिर कैद और जुुर्माना दोनों
  • धारा 318 आईपीसी : नवजात को गोपनीय तरीके से जीवित अथवा मृत फेंकना।
  • सजा : दो साल की कैद या जुर्माना, या फिर कैद और जुर्माना दोनों।

एक बार पुलिस ने की थी जांच तो खुला था बड़ा मामला

फरवरी 2020 में पीपीगंज इलाके में एक नवजात का शव मिला था। पुलिस ने पोस्टमार्टम कराया तो हत्या की पुष्टि हो गई। अमर उजाला ने मामले के तह तक जाने का अभियान चलाया। पुलिस ने जांच की तो पता चला कि मां ही बच्चे की कातिल थी। वह भी नाबालिग मां थी और उससे दुष्कर्म किया गया था। इस मामले में पुलिस ने विभाष्म सिंह पर हत्या और दुष्कर्म का केस दर्ज किया था। बाद में पुलिस ने उसे जेल भी भेजा था।

 

बड़हलगंज में नवजात के मामले में गैर इरादतन हत्या का केस

अभी तीन जनवरी को बड़हलगंज के मिश्रौलिया में पोखरे किनारे नवजात बच्ची का शव मिला था। इस मामले में पुलिस ने धारा 317 (12 साल से कम उम्र के बच्चे का परित्याग करने) की धारा में केस दर्ज कर जांच की तो बड़ा मामला सामने आया। जांच में पता चला है कि अनैतिक संबंध में बच्ची का जन्म हुआ था और फिर उसे मारकर फेंका गया।

पुलिस ने इस मामले में गैर इरादतन हत्या की धारा बढ़ाते हुए बिन ब्याही मां और उसकी मां को आरोपित बनाया है। इस मामले में जांच चल रही है। उन दोनों का जेल जाना तय है। साथ ही उससे के साथ अनैतिक संबंध बनाने वाला युवक भी आरोपित बनेगा।

गुलरिहा इंस्पेक्टर अमित दुबे ने कहा कि बच्ची का स्वास्थ्य परीक्षण कराकर चाइल्ड लाइन को सुपुर्द किया जाएगा। बच्ची किसकी है, किसने फेंका, इसकी भी जांच की जा रही है।

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed