Pandit Ronu Majumdar: पद्मश्री पाकर पंडित रोनू मजूमदार हुए गदगद, पीएम का जताया आभार, कहा- यह टॉनिक जैसा
Pandit Ronu Majumdar: बांसुरी वादक पंडित रोनू मजूमदार ने पद्मश्री से सम्मानित होने पर सरकार और पीएम का धन्यवाद दिया। उन्होंने पुरस्कार को टॉनिक बताया, जो उन्हें ज्यादा काम करने के लिए प्रेरित करता है।
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केंद्र सरकार ने गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर 2025 के लिए पद्म पुरस्कारों की घोषणा की, जिसमें कला जगत के कई दिग्गजों का नाम भी शामिल है। पद्म पुरस्कार पाने वालों की लिस्ट में बांसुरी वादक पंडित रोनू मजूमदार का नाम भी शामिल है। पद्मश्री से सम्मानित बांसुरी वादक पंडित रोनू मजूमदार ने गर्व और आभार व्यक्त किया।
सरकार और पीएम का किया धन्यवाद
बांसुरी वादक पंडित रोनू मजूमदार ने रविवार को एएनआई से बातचीत में कहा, "मैं इस सम्मान के लिए केंद्र सरकार का आभारी हूं और यह सब मेरे गुरु पंडित रविशंकर और पंडित विजय राघव राव और मेरे माता-पिता के आशीर्वाद के कारण है। इस समय मैं अपनी पत्नी और बच्चों को याद कर रहा हूं, जिन्होंने मेरे कठिन समय में हमेशा मेरा साथ दिया।" उन्होंने आगे कहा, "मैं विशेष रूप से गृह मंत्रालय और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आभारी हूं.."
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पुरस्कार टॉनिक की तरह करता है काम
उन्होंने बातचीत में यह भी बताया कि पुरस्कार कितना मायने रखता है। मजूमदार ने कहा, "सरकार ने मुझे इस पुरस्कार के माध्यम से ताकत दी है। यह एक टॉनिक की तरह है और अब मुझे कड़ी मेहनत करने के लिए और अधिक ऊर्जा मिल गई है…।"
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कड़ी मेहनत के लिए युवाओं को किया प्रेरित
पंडित मजूमदार का संगीत मैहर घराने से जुड़ा है। उन्होंने यूरोप, संयुक्त राज्य अमेरिका, कनाडा, जापान, सिंगापुर, थाईलैंड, ऑस्ट्रेलिया, न्यूजीलैंड और मध्य पूर्व की यात्रा की है। पंडित रोनू मजूमदार ने कड़ी मेहनत करने पर जोर दिया और कहा कि युवाओं को सफलता प्राप्त करने के लिए शॉर्टकट नहीं अपनाना चाहिए और कड़ी मेहनत करनी चाहिए। मजूमदार को अन्य प्रमुख वाद्यवादकों के साथ कई सहयोगों और जुगलबंदी के लिए भी जाना जाता है और उन्होंने हिंदुस्तानी शास्त्रीय संगीत के साथ अन्य संगीत शैलियों के मिश्रण में कई रचनाएं भी की हैं।