फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi ›   Delhi NCR News ›   ulema announces in UP that they will not read namaz in those funeral who engage in cow slaughtering

मुस्लिम धर्मगुरुओं का ऐलान, गोकसी में लिप्त परिवारों के जनाजे में नहीं पढ़वाएंगे नमाज

Sun, 09 Apr 2017 05:06 PM IST
इमरान अली/अमर उजाला, गढ़मुक्तेश्वर
इमरान अली/अमर उजाला, गढ़मुक्तेश्वर Updated Sun, 09 Apr 2017 05:06 PM IST
विज्ञापन
ulema announces in UP that they will not read namaz in those funeral who engage in cow slaughtering

गोकसी में लिप्त परिवारों में हुई मौत के जनाजे की नमाज इमाम नहीं पढ़वाएंगे। साथ ही निकाह के दौरान बैंडबाजा, डीजे बजाने और आतिशबाजी के इस्तेमाल के लिए परिवारों को हतोत्साहित किया जाएगा।

विज्ञापन


यह संकल्प मौलाना, इमाम, काजी और सैकड़ों लोगों ने शुक्रवार को इस्लाहे माशरात तंजीम के तत्वावधान में आयोजित ‘दीन के रास्ते पर चलकर बुराई से बचो’ कांफ्रेंस में लिया।
विज्ञापन


गढ़ के मोहल्ला मदरसा में शादाब कुरैशी के अहाते में हुई कांफ्रेंस में उलेमा समेत सैकड़ों लोगों ने शिरकत की। कांफ्रेंस में दीन के बताए रास्ते पर चलकर बुराइयों से बचने और बच्चों को अच्छी तालीम देने की नसीहत दी गई।

विज्ञापन
विज्ञापन

उलेमा के इस फैसले पर अमल करने का हर किसी ने लिया संकल्प

ulema announces in UP that they will not read namaz in those funeral who engage in cow slaughtering

दरगाह शरीफ जामा मस्जिद के इमाम मुफ्ती मोहम्मद अनस ने कहा कि अमनचैन और भाईचारे की भावना को कमजोर करने वाली अधिकांश घटनाओं के पीछे गोकसी और तस्करी सबसे अहम वजह बनती है।

हर किसी को वतन की खुशहाली के लिए सहयोग करना होगा। उन्होंने तल्ख लहजे में कहा कि प्रतिबंधित पशु के मांस के प्रयोग और गोकसी में संलिप्त परिवारों में अगर कोई मौत होती है तो वह उसके जनाजे की नमाज अता नहीं कराएंगे।

साथ ही काजी ऐसे परिवारों का निकाह भी नहीं पढ़वाएंगे। निकाह या खुशी के मौकों पर बैंडबाजा, डीजे और आतिशबाजी प्रयोग करने वाले लोगों और उनकी दावतों का बहिष्कार करना होगा।

बैंडबाजा, डीजे बजाने व आतिशबाजी का भी निकाह में करेंगे विरोध

ulema announces in UP that they will not read namaz in those funeral who engage in cow slaughtering
डेमो प‌िक

शहर काजी हाजी सैयद मौलाना कसीमुद्दीन ने कहा कि निकाह के मौके पर जिस परिवार में भी बाजा और डीजे बजेगा वह दूल्हा-दुल्हन का निकाह नहीं पढ़ाएंगे।

इस दौरान हाजी डॉ. अब्दुल अली, पूर्व पालिका सदस्य शाहनवाज कुरैशी, मुहम्मद शादाब, मुन्ना कुरैशी, हाजी इरशाद, शाह आलम, शाहरुख, लईक अहमद, शानू, सौमीन, हाजी मुहम्मद उमर, सईद कुरैशी आदि मौजूद रहे।

ब्लॉक से लेकर राष्ट्रीयस्तर तक छेड़ेंगे मुहिम
गंगानगरी से शुरू इस मुहिम को राष्ट्रीय स्तर तक पहुंचाया जाएगा। जमाते अमीर अकरम कुरैशी और इंतजार चौधरी ने कहा कि पश्चिमी सभ्यता की बुराइयों के खिलाफ यह मुहिम बेहद सराहनीय है। जिसमें हर किसी को शामिल किया जाएगा। उन्होंने कहा कि अपने ब्लॉक, तहसील, जिला, मंडल और प्रदेश समेत राष्ट्रीय स्तर पर इस मुहिम को आगे बढ़ाया जाएगा।

दहेज और नाच-गाने का भी करेंगे विरोध

ulema announces in UP that they will not read namaz in those funeral who engage in cow slaughtering
nikah

गोकसी पर रोक लगानी होगी। तस्करों का सामाजिक बहिष्कार करना होगा। पश्चिमी संस्कृति की बुराईयों के प्रति नई पीढ़ी को जागरूक करने की जरूरत है।-मुफ्ती मुहम्मद अनस 

समाज में फैल रहीं बुराइयों की रोकथाम के लिए मजहबी उलेमाओं की मुहिम बेहद सराहनीय है। इसके बहुत जल्द अच्छे नतीजे सामने आने तय हैं।-उस्ताद शायर जमील मजहर 

समाज में फैल रहीं बुराइयों की रोकथाम के लिए उलेमाओं का आगे आने जरूरी है। क्योंकि वे ही कुरान और हदीस की रोशनी में जानकारी देते हैं।-फखरू प्रधान 

डीजे, बैंडबाजा, आतिशबाजी, नाचगाना ये सब फिजूलखर्ची बढ़ाता है। दहेज लेने वालों को भी हतोत्साहित किया जाएगा। हर कोई अपना सहयोग दे रहा है।-डॉ. फराहीम, कांग्रेस जिला उपाध्यक्ष

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed