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शां तिभंग में जाना पड़ेगा जेंल
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शांतिभंग में अब नहीं मिलेगी हाथोंहाथ जमानत
- जिला प्रशासन ने की सख्ती, कम से कम एक दिन के लिए जाना पड़ेगा जेल
- अब तक सिटी मजिस्ट्रेट या एसडीएम की ओर से उसी दिन मिल जाती थी जमानत
अमर उजाला ब्यूरो
नोएडा। जिले में शांतिभंग करने वालों पर अब जिला प्रशासन सख्त हो गया है। डीएम ने शांतिभंग करने वालों को हाथोंहाथ नहीं छोड़ने के निर्देश दिए हैं। अब शांतिभंग के मामले में कम से कम से एक दिन के लिए जेल जाना पड़ेगा।
डीएम बीएन सिंह ने बताया कि शांतिभंग के आरोप में अक्सर लोगों को सिटी मजिस्ट्रेट या एसडीएम की ओर से उसी दिन जमानत दे दी जाती थी। जिससे आरोपी बिना जेल जाए ही छूट जाता था। मगर हर रोज इस तरह के लोग अशांति फैलाते और छूटकर आ जाते थे। इन पर लगाम लगाने के लिए अब एसडीएम और सिटी मजिस्ट्रेट को निर्देश दिए गए हैं कि वह कम से कम एक दिन जेल जरूर भेजे। उन्होंने बताया कि इससे शांति भंग करने वालों में कमी आएगी।
यदि किसी गंभीर मामले में शांतिभंग का अंदेशा है तो संबंधित अधिकारी 14 दिन तक या उससे अधिक तक भी यह समय बढ़ा सकते हैं। डीएम ने बताया इससे लोगों में एक संदेश देने का प्रयास किया जा रहा है कि जिससे लोगों द्वारा अशांति न फैलाई जाए।
- जिला प्रशासन ने की सख्ती, कम से कम एक दिन के लिए जाना पड़ेगा जेल
- अब तक सिटी मजिस्ट्रेट या एसडीएम की ओर से उसी दिन मिल जाती थी जमानत
अमर उजाला ब्यूरो
नोएडा। जिले में शांतिभंग करने वालों पर अब जिला प्रशासन सख्त हो गया है। डीएम ने शांतिभंग करने वालों को हाथोंहाथ नहीं छोड़ने के निर्देश दिए हैं। अब शांतिभंग के मामले में कम से कम से एक दिन के लिए जेल जाना पड़ेगा।
डीएम बीएन सिंह ने बताया कि शांतिभंग के आरोप में अक्सर लोगों को सिटी मजिस्ट्रेट या एसडीएम की ओर से उसी दिन जमानत दे दी जाती थी। जिससे आरोपी बिना जेल जाए ही छूट जाता था। मगर हर रोज इस तरह के लोग अशांति फैलाते और छूटकर आ जाते थे। इन पर लगाम लगाने के लिए अब एसडीएम और सिटी मजिस्ट्रेट को निर्देश दिए गए हैं कि वह कम से कम एक दिन जेल जरूर भेजे। उन्होंने बताया कि इससे शांति भंग करने वालों में कमी आएगी।
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यदि किसी गंभीर मामले में शांतिभंग का अंदेशा है तो संबंधित अधिकारी 14 दिन तक या उससे अधिक तक भी यह समय बढ़ा सकते हैं। डीएम ने बताया इससे लोगों में एक संदेश देने का प्रयास किया जा रहा है कि जिससे लोगों द्वारा अशांति न फैलाई जाए।
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