हत्या कर शव को जंगल में फेंक: रोटी खिलाने वाले को दीं गालियां, युवक ने गालीबाज को उतारा मौत के घाट
नौकरी छोड़ने के बाद रविंद्र डीडीए पार्क में चला जाता था। यहां पर पार्क का सुरक्षा गार्ड विशाल उसे खाना खिला देता था। इस कारण वह विशाल को बहुत सम्मान देने लगा था।
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दक्षिण जिले की मैदानगढ़ी थाना क्षेत्र में रविंद्र नामक युवक ने अजय नामक युवक की इसलिए हत्या कर दी कि अजय ने उसे खाना खिलाने वाले सुरक्षा गार्ड विशाल को गालियां दे दी थीं। रविंदर विशाल की बेइज्जती सहन नहीं कर सका। वह पीड़ित अजय को पार्क में ले गया और वहां शराब पिलाकर उसकी गर्दन दबाकर हत्या कर दी। हालांकि आरोपी पीड़ित की सिर्फ पिटाई कर गालियों का बदला लेना चाहता था, मगर झगड़े के समय पीडि़त की गर्दन उसके हाथ में आ गई थी तो उसने गर्दन दबा दी।
दक्षिण जिले की मैदानगढ़ी थाना क्षेत्र में रविंद्र नामक युवक ने अजय नामक युवक की इसलिए हत्या कर दी कि अजय ने उसे खाना खिलाने वाले सुरक्षा गार्ड विशाल को गालियां दे दी थीं। रविंदर विशाल की बेइज्जती सहन नहीं कर सका। वह पीड़ित अजय को पार्क में ले गया और वहां शराब पिलाकर उसकी गर्दन दबाकर हत्या कर दी। हालांकि आरोपी पीड़ित की सिर्फ पिटाई कर गालियों का बदला लेना चाहता था, मगर झगड़े के समय पीडि़त की गर्दन उसके हाथ में आ गई थी तो उसने गर्दन दबा दी।
दक्षिण जिला पुलिस उपायुक्त अंकित चौहान ने बताया कि मूलरूप से उत्तराखंड निवासी व राजपुर खुर्द, दिल्ली में रह रहे अजय (24) के गायब होने की सूचना भाटी माईंस चौकी प्रभारी एसआई ललित जाखड़ को नौ मार्च को मिली थी। अजय को तलाश करने के लिए सीसीटीवी कैमरों की सहायता ली गई। आखिरकार अजय का शव डीडीए पार्क, राजपुर खुर्द एक्सटेंशन में मिला। मामला दर्जकर मैदानगढ़ी थानाध्यक्ष संजय नियोलिया की देखरेख में एसआई ललित जाखड़ (आईसी पीपी/एससीबीएम), एएसआई पंकज राजोरा, एएसआई मंजीत, हवलदार राकेश व जितेश की टीम ने जांच शुरू की। पुलिस टीम को जांच में पता लगा कि मृतक के फोन पर आखिरी इनकमिंग कॉल उसके रिश्तेदार, जो कि फरीदाबाद का रहने वाला है, ने की थी।
इस रिश्तेदार ने बताया कि उस दिन एक अजनबी का फोन आया था, जिसने अपना परिचय इस्लाम के रूप में दिया और उसने बताया कि मृतक ने उससे 3,000 रुपये उधार लिए थे और बदले में अपना मोबाइल दिया था। जांच में आरोपी की पहचान रविंद्र के रूप में हुई। वह पहले इवेंट मैनेजमेंट कंपनी में काम करता था और गोदाम में रहता था। उसने हाल ही में नौकरी छोड़ दी थी। जांच में पता लगा कि आरोपी रविंद्र पुलिस से बचने के लिए रामफल चौक, सेक्टर-7, द्वारका में नारियल बेच रहा है। उसने मृतक के जूते पहने हुए थे। आखिरकर एसआई ललित जाखड़ की टीम ने आरोपी ग्राम नगला दुर्जन निधौली कलां, एटा, उत्तर प्रदेश निवासी रविंद्र (32) पुत्र कोमल सिंह को गिरफ्तार कर लिया।
सुरक्षा गार्ड उसे खाना दे देता था
नौकरी छोड़ने के बाद रविंद्र डीडीए पार्क में चला जाता था। यहां पर पार्क का सुरक्षा गार्ड विशाल उसे खाना खिला देता था। इस कारण वह विशाल को बहुत सम्मान देने लगा था। मृतक अजय पार्क में आया। उसने शराब पी रखी थी। उसने शराब के नशे में सुरक्षा गार्ड को गालियां दे दीं। इन गालियां को आरोपी रविंद्र बर्दास्त नहीं कर सका। अजय आठ मार्च को ही उत्तराखंड से पहली बार दिल्ली आया था। आरोपी के पास से रविंद्र के जूते व मोबाइल बरामद कर लिया गया है। हालांकि वह मृतक के मोबाइल को बंद रखता था।