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लार्वा मिलने के बाद नहीं किया सर्वे
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जिला अस्पताल की ओपीडी में उमड़ी मरीजों की भीड़। संवाद
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लार्वा मिलने के बाद नहीं किया सर्वे
गाजियाबाद। डेंगू के मामले लगातार सामने आने के बाद भी लार्वा की जांच के नाम पर खानापूर्ति हो रही है। जिन क्षेत्रों में स्वास्थ्य विभाग की टीमों ने एक बार सर्वे किया, वहां टीमें दोबारा नहीं पहुंचीं। नोटिस जारी करने के बाद भी लार्वा की जांच स्वास्थ्य विभाग द्वारा नहीं की गई। लोगों का कहना है कि डेंगू के केस आने के बाद स्वास्थ्य विभाग की ओर से सिर्फ एक बार ही जांच की गई। फॉगिंग का दोबारा नहीं आया।
डेंगू के लार्वा के लिए अब तक 20 हजार से अधिक घरों का सर्वे स्वास्थ्य विभाग ने किया है। इनमें से 1335 स्थानों पर लार्वा मिला है। हाईराइज सोसायटी से लेकर देहात में डेंगू के मामले सामने आए हैं। बृहस्पतिवार को सबसे अधिक 29 मामले डेंगू के मिले थे।इस साल जुलाई में डेंगू का पहला मामला सामने आया था। इसके बाद सितंबर में डेंगू के सबसे अधिक मरीज मिले हैं। राजनगर एक्सटेंशन, क्रॉसिंग रिपब्लिक, इंदिरापुरम, विजयनगर, पंचवटी, लुहारपुरा, वसुंधरा, लोनी, डासना, मोदीनगर और मुरादनगर सहित अन्य क्षेत्रों से डेंगू के मरीज मिल चुके हैं।
डेंगू के 21 नए मरीज मिले
शुक्रवार को डेंगू के 21 नए मरीज मिले। इनमें से 14 मरीजों को अस्पताल में भर्ती कराया गया। इंदिरापुरम, विजयनगर, राजनगर, वसुंधरा, नीतिखंड-1, मुरादनगर और नंदग्राम से मरीज मिले हैं। अब तक मिले मरीजों की संख्या 333 हो गई है। जबकि बाहरी जिलों से इलाज कराने आए 89 डेंगू के मरीज हैं। फिलहाल अस्पतालों में 59 डेंगू के मरीजों क इलाज चल रहा है।
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10 दिन पहले हुई थी जांच
लार्वा की जांच के लिए टीम 10 दिन पहले आई थी। कुछ घरों में लार्वा मिलने पर नोटिस भी दिए थे। दोबारा टीम जांच के लिए नहीं आई।
- सोनू, गोविंदपुरम
महीनेभर पहले हुई थी फॉगिंग
पंचवटी में डेंगू का लार्वा कुछ घरों में मिलने के बाद फॉगिंग कराई गई थी। एक माह का समय हो चुका है। इसके बाद से जांच भी नहीं हुई है।
- नितेंद्र, पंचवटी
खुद कर रहे हैं जागरूक
सोसायटी के लोगों को जागरूक कर रहा हूं। प्रतिदिन संस्था फॉगिंग करा रही है। जहां पानी जमा है, वहां डीजल या केमिकल डलवाया जा रहा है।
- राजकुमार त्यागी, फेडरेशन ऑफ राजनगर एक्सटेंशन एओए
लापरवाही बर्दाश्त नहीं
जांच न होने की शिकायत नहीं मिली है। अगर लापरवाही सामने आती है तो बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। सभी टीमों को दोबारा लार्वा की जांच करने के निर्देश दिए गए हैं।
- डॉ. भवतोष शंखधार, सीएमओ
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गाजियाबाद। डेंगू के मामले लगातार सामने आने के बाद भी लार्वा की जांच के नाम पर खानापूर्ति हो रही है। जिन क्षेत्रों में स्वास्थ्य विभाग की टीमों ने एक बार सर्वे किया, वहां टीमें दोबारा नहीं पहुंचीं। नोटिस जारी करने के बाद भी लार्वा की जांच स्वास्थ्य विभाग द्वारा नहीं की गई। लोगों का कहना है कि डेंगू के केस आने के बाद स्वास्थ्य विभाग की ओर से सिर्फ एक बार ही जांच की गई। फॉगिंग का दोबारा नहीं आया।
डेंगू के लार्वा के लिए अब तक 20 हजार से अधिक घरों का सर्वे स्वास्थ्य विभाग ने किया है। इनमें से 1335 स्थानों पर लार्वा मिला है। हाईराइज सोसायटी से लेकर देहात में डेंगू के मामले सामने आए हैं। बृहस्पतिवार को सबसे अधिक 29 मामले डेंगू के मिले थे।इस साल जुलाई में डेंगू का पहला मामला सामने आया था। इसके बाद सितंबर में डेंगू के सबसे अधिक मरीज मिले हैं। राजनगर एक्सटेंशन, क्रॉसिंग रिपब्लिक, इंदिरापुरम, विजयनगर, पंचवटी, लुहारपुरा, वसुंधरा, लोनी, डासना, मोदीनगर और मुरादनगर सहित अन्य क्षेत्रों से डेंगू के मरीज मिल चुके हैं।
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डेंगू के 21 नए मरीज मिले
शुक्रवार को डेंगू के 21 नए मरीज मिले। इनमें से 14 मरीजों को अस्पताल में भर्ती कराया गया। इंदिरापुरम, विजयनगर, राजनगर, वसुंधरा, नीतिखंड-1, मुरादनगर और नंदग्राम से मरीज मिले हैं। अब तक मिले मरीजों की संख्या 333 हो गई है। जबकि बाहरी जिलों से इलाज कराने आए 89 डेंगू के मरीज हैं। फिलहाल अस्पतालों में 59 डेंगू के मरीजों क इलाज चल रहा है।
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10 दिन पहले हुई थी जांच
लार्वा की जांच के लिए टीम 10 दिन पहले आई थी। कुछ घरों में लार्वा मिलने पर नोटिस भी दिए थे। दोबारा टीम जांच के लिए नहीं आई।
- सोनू, गोविंदपुरम
महीनेभर पहले हुई थी फॉगिंग
पंचवटी में डेंगू का लार्वा कुछ घरों में मिलने के बाद फॉगिंग कराई गई थी। एक माह का समय हो चुका है। इसके बाद से जांच भी नहीं हुई है।
- नितेंद्र, पंचवटी
खुद कर रहे हैं जागरूक
सोसायटी के लोगों को जागरूक कर रहा हूं। प्रतिदिन संस्था फॉगिंग करा रही है। जहां पानी जमा है, वहां डीजल या केमिकल डलवाया जा रहा है।
- राजकुमार त्यागी, फेडरेशन ऑफ राजनगर एक्सटेंशन एओए
लापरवाही बर्दाश्त नहीं
जांच न होने की शिकायत नहीं मिली है। अगर लापरवाही सामने आती है तो बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। सभी टीमों को दोबारा लार्वा की जांच करने के निर्देश दिए गए हैं।
- डॉ. भवतोष शंखधार, सीएमओ