{"_id":"5fc6a71c8ebc3e5be50e9d84","slug":"the-names-of-hawldars-of-the-crime-branch-recovered-from-the-liquor-traders-both-underground-chandigarh-news-pkl395800120","type":"story","status":"publish","title_hn":"शराब कारोबारी से अवैध वसूली करने वाले क्राइम ब्रांच के निकले दोनों हवलदार, होंगे निलंबित","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
शराब कारोबारी से अवैध वसूली करने वाले क्राइम ब्रांच के निकले दोनों हवलदार, होंगे निलंबित
विज्ञापन
माई सिटी रिपोर्टर
चंडीगढ़। शराब कारोबारियों से अवैध वसूली में अपराध शाखा के दो हवलदारों का नाम सामने आया है। हवलदार पवन कुमार व अनिल भूमिगत हो गए हैं। पुलिस अब दोनों को जांच में शामिल होने का समन भेजेगी।
आला अधिकारियों के मुताबिक, शिकायत के बाद की गई जांच में आरोप सही पाए गए। सूत्रों के अनुसार पुलिस के पास मौजूद वीडियो में मुलाजिम अलग अलग ठेके पर जाते दिख रहे हैं। हालांकि पैसा लेते हुए नहीं दिख रहे हैं। दोनों से पूछताछ के बाद ही यह पता चलेगा कि वसूली के इस खेल का असली खिलाड़ी कौन है। किसकी शह पर ये दोनों शराब कारोबारियों से उगाही किया करते थे। माना जा रहा है कि कुछ और कर्मचारियों और अधिकारियों पर गाज गिर सकती है।
जांच अधिकारी साउथ एएसपी श्रुति अरोड़ा का कहना है कि मुलाजिमों को समन भेजकर जांच में शामिल किया जाएगा। जबकि अपराध शाखा के एसपी मनोज कुमार मीणा ने कहा कि अभी तक पवन और अनिल के खिलाफ लिखित में शिकायत नहीं आई है। शिकायत मिलते ही दोनों को निलंबित कर दिया जाएगा।
विज्ञापन
असल में उच्च अधिकारियों को अपराध शाखा के मुलाजिमों के खिलाफ लगातार अवैध वसूली की शिकायतें मिल रही थीं। सेक्टर 39 थाने के अंतर्गत एक शिकायत में शराब कारोबारी ने आरोप लगाया कि उसके आठ ठेकों से 12 हजार रुपये के हिसाब से हर महीने 96 हजार रुपये की वसूली अपराध शाखा के मुलाजिमों द्वारा की जा रही है। साउथ एएसपी ऋतु अरोड़ा ने रविवार को आईपीसी 383 और भ्रष्टाचार अधिनियम की धारा 13/1 के तहत मामला दर्ज किया था। अवैध वसूली करने के दौरान मुलाजिमों का सीसीटीवी फुटेज और वीडियो भी सामने आया था जिसके आधार पर पुलिस जांच कर रही है।
विज्ञापन
चंडीगढ़। शराब कारोबारियों से अवैध वसूली में अपराध शाखा के दो हवलदारों का नाम सामने आया है। हवलदार पवन कुमार व अनिल भूमिगत हो गए हैं। पुलिस अब दोनों को जांच में शामिल होने का समन भेजेगी।
आला अधिकारियों के मुताबिक, शिकायत के बाद की गई जांच में आरोप सही पाए गए। सूत्रों के अनुसार पुलिस के पास मौजूद वीडियो में मुलाजिम अलग अलग ठेके पर जाते दिख रहे हैं। हालांकि पैसा लेते हुए नहीं दिख रहे हैं। दोनों से पूछताछ के बाद ही यह पता चलेगा कि वसूली के इस खेल का असली खिलाड़ी कौन है। किसकी शह पर ये दोनों शराब कारोबारियों से उगाही किया करते थे। माना जा रहा है कि कुछ और कर्मचारियों और अधिकारियों पर गाज गिर सकती है।
विज्ञापन
जांच अधिकारी साउथ एएसपी श्रुति अरोड़ा का कहना है कि मुलाजिमों को समन भेजकर जांच में शामिल किया जाएगा। जबकि अपराध शाखा के एसपी मनोज कुमार मीणा ने कहा कि अभी तक पवन और अनिल के खिलाफ लिखित में शिकायत नहीं आई है। शिकायत मिलते ही दोनों को निलंबित कर दिया जाएगा।
विज्ञापन
असल में उच्च अधिकारियों को अपराध शाखा के मुलाजिमों के खिलाफ लगातार अवैध वसूली की शिकायतें मिल रही थीं। सेक्टर 39 थाने के अंतर्गत एक शिकायत में शराब कारोबारी ने आरोप लगाया कि उसके आठ ठेकों से 12 हजार रुपये के हिसाब से हर महीने 96 हजार रुपये की वसूली अपराध शाखा के मुलाजिमों द्वारा की जा रही है। साउथ एएसपी ऋतु अरोड़ा ने रविवार को आईपीसी 383 और भ्रष्टाचार अधिनियम की धारा 13/1 के तहत मामला दर्ज किया था। अवैध वसूली करने के दौरान मुलाजिमों का सीसीटीवी फुटेज और वीडियो भी सामने आया था जिसके आधार पर पुलिस जांच कर रही है।