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फासवेक की बैठक में पहुंचे टंडन, बोले- टैक्स देने में दिल क्यों होता है छोटा?
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Mon, 01 May 2017 09:16 AM IST
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फासवेक की बैठक
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भाजपा अध्यक्ष संजय टंडन ने रविवार को रेजिडेंट्स वेलफेयर एसोसिएशन के पदाधिकारियों को संबोधित करते हुए कहा कि हमें सुविधाएं तो सबसे ज्यादा चाहिए, लेकिन जब नगर निगम को टैक्स देने की बारी आती है तो हमारा (लोगों का) दिल छोटा हो जाता है।
टंडन ने अपने भाषण में एक तरह से संकेत देने का प्रयास किया कि आगे कुछ टैक्सों में इजाफा हो सकता है इसलिए टंडन ने रविवार को सेक्टर-10 में आयोजित फेडरेशन आफ सेक्टर वेलफेयर एसोसिएशंस चंडीगढ़ (फासवेक) की वार्षिक जनरल बाडी की बैठक में कहा कि चंडीगढ़ में बिजली और पानी के रेट अन्य राज्यों से काफी कम हैं। बंगलूरू में चंडीगढ़ के मुकाबले में पानी 23 गुना महंगा है। उन्होंने कहा कि शहर को अपनी आय के साधन बढ़ाने चाहिए। हम कब तक केंद्र सरकार से मांगते रहेंगे। उन्होंने कहा कि लुधियाना, अमृतसर के मुकाबले में चंडीगढ़ काफी बदल चुका है। यहां भरपूर काम हो रहे हैं। इसी प्रकार हमें आय बढ़ाकर एक मिसाल कायम करनी चाहिए। इस मौके पर मेयर ने फासवेक की स्मारिका का भी विमोचन किया।
टंडन के बुलाने का विरोध
ऐसा पहली बार हुआ है जब फासवेक की ओर से किसी राजनीतिक दल के अध्यक्ष को अतिथि के तौर पर बुलाया गया है। टंडन के आने का सेक्टर-55 आरडब्ल्यूए के अध्यक्ष एसएस चीमा ने बैठक में विरोध भी किया जबकि सेक्टर-33 के रेजिडेंट्स भी बैठक छोड़कर चले गए। उन्होंने फासवेक के सीनियर पदाधिकारियों को कहा कि ऐसे में कांग्रेस के अध्यक्ष को भी बुलाना चाहिए था।
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टंडन ने अपने भाषण में एक तरह से संकेत देने का प्रयास किया कि आगे कुछ टैक्सों में इजाफा हो सकता है इसलिए टंडन ने रविवार को सेक्टर-10 में आयोजित फेडरेशन आफ सेक्टर वेलफेयर एसोसिएशंस चंडीगढ़ (फासवेक) की वार्षिक जनरल बाडी की बैठक में कहा कि चंडीगढ़ में बिजली और पानी के रेट अन्य राज्यों से काफी कम हैं। बंगलूरू में चंडीगढ़ के मुकाबले में पानी 23 गुना महंगा है। उन्होंने कहा कि शहर को अपनी आय के साधन बढ़ाने चाहिए। हम कब तक केंद्र सरकार से मांगते रहेंगे। उन्होंने कहा कि लुधियाना, अमृतसर के मुकाबले में चंडीगढ़ काफी बदल चुका है। यहां भरपूर काम हो रहे हैं। इसी प्रकार हमें आय बढ़ाकर एक मिसाल कायम करनी चाहिए। इस मौके पर मेयर ने फासवेक की स्मारिका का भी विमोचन किया।
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टंडन के बुलाने का विरोध
ऐसा पहली बार हुआ है जब फासवेक की ओर से किसी राजनीतिक दल के अध्यक्ष को अतिथि के तौर पर बुलाया गया है। टंडन के आने का सेक्टर-55 आरडब्ल्यूए के अध्यक्ष एसएस चीमा ने बैठक में विरोध भी किया जबकि सेक्टर-33 के रेजिडेंट्स भी बैठक छोड़कर चले गए। उन्होंने फासवेक के सीनियर पदाधिकारियों को कहा कि ऐसे में कांग्रेस के अध्यक्ष को भी बुलाना चाहिए था।
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काम हो रहे, लेकिन धीमी गति से
फासवेक की बैठक
भाजपा अध्यक्ष संजय टंडन ने भी कहा कि वे शहरवासियों की समस्याओं को दूर करने के लिए हर प्रयास करते हैं। अगर फिर भी किसी को दिक्कत है तो आपके कहने पर वह बैठक छोड़कर भी जा सकते हैं। बहुत सारे रेजिडेंट्स वेलफेयर एसोसिएशन के पदाधिकारी उन्हें पार्टी कार्यालय में आकर मिलते हैं वे उनसे कभी नहीं पूछते है कि चुनाव में उन्होंने वोट किस दल को डाला था। फासवेक चेयरमैन बलजिंदर सिंह ने भी चीमा द्वारा टंडन के आने का विरोध करने पर कहा कि भाजपा की केंद्र में सरकार है और रेजिडेंट्स की समस्याएं दूर करने के लिए टंडन का भी साथ चाहिए।
पानी का रेट न बढ़ाने पर प्रशासन ने किया गुस्सा
इस समारोह में मेयर आशा जसवाल ने यह भी खुलासा किया कि मेयर बनने के पहले ही माह अधिकारी टैक्स लगाने और पानी का रेट बढ़ाने का प्रस्ताव सदन में लाने के लिए ले आए, लेकिन इसकी उन्होंने मंजूरी नहीं दी। इसके बाद प्रशासन वीपी सिंह बदनौर ने भी उन्हें गुस्सा किया था। उन्होंने कहा कि पानी का रेट तब तक नहीं बढ़ेगा जब तक 24 घंटे पानी की सप्लाई शुरू नहीं हो जाती। नगर निगम के उद्घाटन समारोह पर होने वाले खर्चे पर उन्होंने भारी कटौती की है।
नगर निगम का भी काटा गया कनेक्शन
मेयर आशा जसवाल ने बताया कि 22 करोड़ रुपये के पानी के डिफाल्टर थे जो कि अब 12 करोड़ रुपये के रह गए हैं। डिफाल्टरों में नगर निगम का कार्यालय भी शामिल था। ऐसे में उसका भी पानी का कनेक्शन काटा गया और जब बकाया दिया गया तब फिर से मीटर जोड़ा गया। उन्होंने कहा कि कुत्तों की नसंबदी अभियान तेज करने के लिए वे मोहाली और पंचकूला नगर निगम को भी पत्र लिख रही हैं।
काम हो रहे, लेकिन धीमी गति से
फासवेक चेयमरैन बलजिंदर सिंह ने कहा कि शहर में काम तो हो रहे हैं, लेकिन धीमी गति से हो रहे हैं। शहर में बिजली और पानी का काफी संकट है। सेक्टर-21 में ही 16-16 घंटे बिजली चली जाती है।
पानी का रेट न बढ़ाने पर प्रशासन ने किया गुस्सा
इस समारोह में मेयर आशा जसवाल ने यह भी खुलासा किया कि मेयर बनने के पहले ही माह अधिकारी टैक्स लगाने और पानी का रेट बढ़ाने का प्रस्ताव सदन में लाने के लिए ले आए, लेकिन इसकी उन्होंने मंजूरी नहीं दी। इसके बाद प्रशासन वीपी सिंह बदनौर ने भी उन्हें गुस्सा किया था। उन्होंने कहा कि पानी का रेट तब तक नहीं बढ़ेगा जब तक 24 घंटे पानी की सप्लाई शुरू नहीं हो जाती। नगर निगम के उद्घाटन समारोह पर होने वाले खर्चे पर उन्होंने भारी कटौती की है।
नगर निगम का भी काटा गया कनेक्शन
मेयर आशा जसवाल ने बताया कि 22 करोड़ रुपये के पानी के डिफाल्टर थे जो कि अब 12 करोड़ रुपये के रह गए हैं। डिफाल्टरों में नगर निगम का कार्यालय भी शामिल था। ऐसे में उसका भी पानी का कनेक्शन काटा गया और जब बकाया दिया गया तब फिर से मीटर जोड़ा गया। उन्होंने कहा कि कुत्तों की नसंबदी अभियान तेज करने के लिए वे मोहाली और पंचकूला नगर निगम को भी पत्र लिख रही हैं।
काम हो रहे, लेकिन धीमी गति से
फासवेक चेयमरैन बलजिंदर सिंह ने कहा कि शहर में काम तो हो रहे हैं, लेकिन धीमी गति से हो रहे हैं। शहर में बिजली और पानी का काफी संकट है। सेक्टर-21 में ही 16-16 घंटे बिजली चली जाती है।