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ट्रेन हादसाः रेल राज्यमंत्री मनोज सिन्हा अमृतसर पहुंचे, आईटीबीपी राहत बचाव कार्य में जुटी

Sat, 20 Oct 2018 01:03 AM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अमृतसर (पंजाब)
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अमृतसर (पंजाब) Updated Sat, 20 Oct 2018 01:03 AM IST
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Minister of State for Railways Manoj Sinha reached in Amritsar
केंद्रीय रेल राज्य मंत्री मनोज सिन्हा - फोटो : अमर उजाला

रेल राज्यमंत्री मनोज सिन्हा एयरफोर्स के स्पेशल विमान से देर रात अमृतसर पहुंच गए। इस दौरान उन्होंने घटनास्थल और घायलों का हाल जाना। उन्होंने यह कोई राजनीति करने का विषय नहीं। मृतकों के प्रति हमारी सवेंदना है। घायलों को अच्छा से अच्छा इलाज मिल सके यहीं हमारी प्राथमिकता है। राहत बचाव कार्य के लिए इंडो-तिब्बत पुलिस और पंजाब पुलिस के जवान तैनात हैं। वहीं केंद्रीय रेल राज्यमंत्री अमेरिका से अपना दौरा रद्दकर भारत लौट रहे हैं। 

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बताते कि मृतसर-दिल्ली रूट पर शुक्रवार शाम रावण दहन देखने आए लोगों पर ट्रेन चढ़ गई। हादसे में 61 से अधिक लोगों की मौत हो गई जबकि 70 लोग घायल हो गए। हादसा जौड़ा फाटक के पास हुआ। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार रावण दहन के दौरान जल रहे पटाखों के शोर में लोगों को ट्रेन की आवाज सुनाई नहीं दी। वहीं रेल अधिकारियों का कहना है कि रावण का पुतला गिरने के कारण भगदड़ मची और यह हादसा हुआ।
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 जानकारी के अनुसार, तीन रेलवे ट्रैकों के पास आयोजित इस कार्यक्रम में नवजोत कौर सिद्धू बतौर विशेष मेहमान पहुंची थीं। मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने मृतकों के परिवारों को 5-5 लाख रुपये देने का एलान किया है। इसके साथ ही हादसे में घायल लोगों के लिए सरकारी और प्राइवेट अस्पतालों में मुफ्त इलाज की व्यवस्था की गई है।

Minister of State for Railways Manoj Sinha reached in Amritsar
मौके पर पहुंचे पुलिस अधिकारी

मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने कहा कि जिला प्रशासन को हादसे के पीड़ितों को युद्धस्तर पर सहायता पहुंचाने के आदेश दिए गए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि आज की घटना बहुत बड़ी त्रासदी है और वे शनिवार को खुद अमृतसर जाएंगे। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार को पूरी तरह अलर्ट कर दिया गया है। शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (एसजीपीसी) के प्रधान गोबिंद सिंह लोंगोवाल ने भी हादसे पर गहरा दुख व्यक्त किया है। लौंगोवाल ने एलान किया कि एसजीपीसी रेल हादसे के घायलों का मुफ्त इलाज करवाएगी। 

एसजीपीसी के मुख्य सचिव डॉ. रूप सिंह ने कहा कि श्री गुरु रामदास चैरिटेबल अस्पताल में घायलों के मुफ्त इलाज का प्रबंध कर दिया गया है। घायलों को अस्पताल तक पहुंचाने के लिए गुरु रामदास मेडिकल कालेज की एंबुलेंस भेजी गईं है और इमरजेंसी मेडिकल सेवाओं को तुरंत शुरू करने को कहा गया है। प्रशासन की तरफ से हेल्पलाइन नंबर 0183-2440024 और 0183-2402927 जारी कर दिए गए हैं।

आयोजन की विशेष मेहमान पूर्व सीपीएस नवजोत कौर सिद्धू ने कहा कि मौके पर पर्याप्त पुलिस बल था। रेलवे ट्रैक पर बहुत सालों से रावण दहन होता रहा है। छह जगह रावण जलाए जाते हैं और ये सभी रेलवे ट्रैक के पास हुए। ये रेलवे की बड़ी लापरवाही है। ट्रेन काफी तेज थी और उनकी स्पीड कम नहीं की गई। उनका कहना है कि वे पूरी रात अस्पताल में घायलों के साथ ही रहेंगी। 

Minister of State for Railways Manoj Sinha reached in Amritsar
अमृतसर रेल हादसा

हादसे के बाद मुख्यमंत्री ने अपनी इजराइल यात्रा स्थगित कर दी है। वहीं हादसे के बाद उपजे हालात पर काबू पाने के लिए डीजीपी के नेतृत्व में अतिरिक्त पुलिस बल घटनास्थल पर रवाना कर दिया गया है। कैबिनेट मंत्री सुखविंदर सिंह सरकारिया और स्वास्थ्य मंत्री ब्रह्म मोहिंद्रा बचाव और राहत कार्यों की निगरानी के लिए अमृतसर पहुंच गए हैं। 

गृह सचिव, स्वास्थ्य सचिव और डीजीपी (लॉ एंड आर्डर) भी अमृतसर के लिए रवाना हो चुके हैं। घायल लोगों को तत्काल निशुल्क उपचार और देखभाल प्रदान करने के लिए सभी निजी अस्पतालों को भी सरकारी अस्पतालों के साथ खुले रहने के लिए कहा गया है।

40 साल से हो रहा था रावण दहन
प्रत्यक्षदर्शी इकबाल सिंह के मुताबिक इससे पहले जो भी ट्रेनें निकली, हार्न बजाती हुई धीरे-धीरे निकली, लेकिन जिस ट्रेन से हादसा हुआ, वह पूरी स्पीड में थी। जिससे लोगों को संभलने का मौका नहीं मिला। उनका कहना है कि यहां पर पिछले 40 साल से रावण दहन होता रहा है। जो भी ट्रेनें निकलती हैं, धीरे-धीरे निकलती हैं।

कम पड़े बेड
हादसे के घायलों को अमृतसर के सिविल अस्पताल और गुरुनानक देव अस्पताल में पहुंचाया गया। यहां भी चारों तरफ अव्यवस्था का माहौल था। घायलों और मृतकों की संख्या को देखते हुए अस्पताल में बेड कम पड़ गए। यहां भी लोग अपने रिश्तेदारों की शिनाख्त करने में जुटे हुए थे।

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