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कर्ज माफी का क्या फायदा, अभी भी हर रोज मर रहे हैं किसान!
ब्यूरो/अमर उजाला, फिरोजपुर(पंजाब)
Updated Tue, 04 Jul 2017 09:18 AM IST
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Farmer Suicide
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कस्बा मल्लांवाला के पास स्थित गांव खच्चर में एक किसान ने कर्ज से आहत हो जहर निगलकर खुदकुशी कर ली। किसान पर करीब 12 लाख रुपये कर्ज था। पुलिस के मुताबिक किसान गुरदेव सिंह (35) ने बैंक और आढ़ती से कर्ज लिया था।
पत्नी परमजीत कौर ने पुलिस को दिए बयानों में कहा कि उनके पास 3 से 4 एकड़ भूमि थी। गुरदेव कर्ज उतारने में असमर्थ था। इस वजह से वह परेशान रहता था। रविवार रात को वह खेत से करीब डेढ़ घंटे तक वापस घर नहीं लौटा। इसके बाद परिजन उसे देखने खेत चले गए तो वह वहां बेहोशी की हालत में पड़ा था।
परिजन उसकी नाजुक हालत को देखते अस्पताल लेकर पहुंचे। वहां पर डाक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। परिजनों का आरोप है कि सरकारी एंबुलेंस को फोन किया था, लेकिन पहुंचने में देरी होने पर वे निजी वाहन में गुरदेव को लेकर अस्पताल पहुंचे। एएसआई सोना सिंह ने बताया कि शव को परिजनों के हवाले कर दिया है।
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पत्नी परमजीत कौर ने पुलिस को दिए बयानों में कहा कि उनके पास 3 से 4 एकड़ भूमि थी। गुरदेव कर्ज उतारने में असमर्थ था। इस वजह से वह परेशान रहता था। रविवार रात को वह खेत से करीब डेढ़ घंटे तक वापस घर नहीं लौटा। इसके बाद परिजन उसे देखने खेत चले गए तो वह वहां बेहोशी की हालत में पड़ा था।
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परिजन उसकी नाजुक हालत को देखते अस्पताल लेकर पहुंचे। वहां पर डाक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। परिजनों का आरोप है कि सरकारी एंबुलेंस को फोन किया था, लेकिन पहुंचने में देरी होने पर वे निजी वाहन में गुरदेव को लेकर अस्पताल पहुंचे। एएसआई सोना सिंह ने बताया कि शव को परिजनों के हवाले कर दिया है।
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