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बगैर अनुमति के जारी किया सफाई का टेंडर
Updated Sat, 18 Nov 2017 01:54 AM IST
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पूर्व ईओ और सीएसआई पर गिर सकती है गाज
नगर निगम में बिना अनुमति जारी किया सफाई का टेंडर
अमर उजाला ब्यूरो
पंचकूला।
नगर निगम कमिश्नर की अनुमति के बिना सफाई का टेंडर जारी किए जाने के मामले में दो पूर्व अधिकारियों के खिलाफ प्रदेश सरकार से अनुशासनात्मक कार्रवाई की सिफारिश की गई है। हरियाणा सरकार की ओर से मंजूरी मिलते ही दोनों अधिकारियों पर गाज गिर सकती है। दरअसल, वार्ड नंबर-9 में सफाई के लिए 12 अप्रैल को टेंडर निकाले गए। इसके लिए दो पार्टियों ने आवेदन भी किए और इनके लिए 11.99 लाख और 11.29 लाख रुपये का टेंडर कोट किया गया। इसके लिए फाइनेंशियल बिड और वर्क ऑर्डर जारी करते हुए एग्रीमेंट पर तत्कालीन ईओ अरविंद बाल्यान ने साइन कर दिए। बिना अनुमति टेंडर, वर्क ऑर्डर जारी करने के मामले में जब तत्कालीन ईओ और चीफ सेनेटरी इंस्पेक्टर (सीएसआई) से जानकारी मांगी गई तो उन्होंने बताया कि उस वक्त तत्कालीन कमिश्नर के मौखिक आदेश पर टेंडर जारी किया गया।
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दो पूर्व कमिश्नरों ने कहा, नहीं किया गया टेंडर
वार्ड-9 में सफाई के लिए जारी टेंडर के लिए आदेश के बारे में जब तत्कालीन निगम आयुक्त ललित सिवाच और डॉ. शालीन से पूछा गया तो उन्होंने ऐसे किसी टेंडर के बारे में जानकारी होने से इनकार कर दिया है। उन्होंने कहा कि इस संबंध में किसी तरह के मौखिक आदेश भी जारी नहीं किए गए थे। दो पूर्व कमिश्नर के जवाब के बाद अब सफाई के लिए टेंडर जारी करने के मामले में तत्कालीन ईओ अरविंद बाल्यान और सीएसआई मोहन भारद्वाज के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की सिफारिश की है।
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नगर निगम में बिना अनुमति जारी किया सफाई का टेंडर
अमर उजाला ब्यूरो
पंचकूला।
नगर निगम कमिश्नर की अनुमति के बिना सफाई का टेंडर जारी किए जाने के मामले में दो पूर्व अधिकारियों के खिलाफ प्रदेश सरकार से अनुशासनात्मक कार्रवाई की सिफारिश की गई है। हरियाणा सरकार की ओर से मंजूरी मिलते ही दोनों अधिकारियों पर गाज गिर सकती है। दरअसल, वार्ड नंबर-9 में सफाई के लिए 12 अप्रैल को टेंडर निकाले गए। इसके लिए दो पार्टियों ने आवेदन भी किए और इनके लिए 11.99 लाख और 11.29 लाख रुपये का टेंडर कोट किया गया। इसके लिए फाइनेंशियल बिड और वर्क ऑर्डर जारी करते हुए एग्रीमेंट पर तत्कालीन ईओ अरविंद बाल्यान ने साइन कर दिए। बिना अनुमति टेंडर, वर्क ऑर्डर जारी करने के मामले में जब तत्कालीन ईओ और चीफ सेनेटरी इंस्पेक्टर (सीएसआई) से जानकारी मांगी गई तो उन्होंने बताया कि उस वक्त तत्कालीन कमिश्नर के मौखिक आदेश पर टेंडर जारी किया गया।
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दो पूर्व कमिश्नरों ने कहा, नहीं किया गया टेंडर
वार्ड-9 में सफाई के लिए जारी टेंडर के लिए आदेश के बारे में जब तत्कालीन निगम आयुक्त ललित सिवाच और डॉ. शालीन से पूछा गया तो उन्होंने ऐसे किसी टेंडर के बारे में जानकारी होने से इनकार कर दिया है। उन्होंने कहा कि इस संबंध में किसी तरह के मौखिक आदेश भी जारी नहीं किए गए थे। दो पूर्व कमिश्नर के जवाब के बाद अब सफाई के लिए टेंडर जारी करने के मामले में तत्कालीन ईओ अरविंद बाल्यान और सीएसआई मोहन भारद्वाज के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की सिफारिश की है।
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