गांव पठानपुरा स्थित जाहरवीर गोगाजी मेहड़ी पर भगवान श्री विश्वकर्मा की प्रतिमा की प्राण प्रतिष्ठा और स्थापना से पहले बृहस्पतिवार को भव्य शोभायात्रा निकाली गई। भगवान विश्वकर्मा की आकर्षक झांकी, डीजे और पांच ढोल शोभायात्रा में आकर्षण का केंद्र रहे। शोभायात्रा में 500 से अधिक श्रद्धालु शामिल हुए। महिलाओं की भी बड़ी संख्या में सहभागिता रही। मंदिर कमेटी के प्रधान नाथी पांचाल ने बताया कि शोभायात्रा सुबह 11 बजे जाहरवीर गोगाजी मेहड़ी से शुरू हुई। इसके बाद शोभायात्रा गढ़ी हसनपुर और दथेड़ा होते हुए पठानपुरा पहुंची। यहां से चौसाना के मुख्य बाजार से होकर भगवान श्री विश्वकर्मा मंदिर पहुंची, जहां शोभायात्रा का समापन हुआ। जगह-जगह पुष्पवर्षा कर स्वागत चार गांवों के भ्रमण के दौरान ग्रामीणों ने शोभायात्रा में शामिल श्रद्धालुओं के लिए जगह-जगह जलपान की व्यवस्था की। लोगों ने पुष्पवर्षा कर शोभायात्रा का स्वागत किया। ढोल और डीजे की धुनों के बीच श्रद्धालु उत्साह के साथ शोभायात्रा में शामिल हुए। 31 अगस्त को शुरू हुई प्राण प्रतिष्ठा की प्रक्रिया मंदिर कमेटी के अनुसार, 31 अगस्त को भगवान श्री विश्वकर्मा की प्राण प्रतिष्ठा के लिए पंडितों को बैठाया गया था। शोभायात्रा के बाद अगले दिन भगवान विश्वकर्मा की प्रतिमा की स्थापना की जाएगी। पांच सितंबर को मंदिर परिसर में भंडारे का आयोजन किया जाएगा। शोभायात्रा में नाथी पांचाल, राजेश पांचाल, सोमपाल पांचाल, जोनी पांचाल, महिपाल पांचाल और महोकम पांचाल सहित अन्य श्रद्धालु मौजूद रहे। महिलाओं में सुनीता पांचाल, सरिता पांचाल, रीना पांचाल और आरती पांचाल सहित 60 से अधिक महिलाओं ने भाग लिया।