UP News: वाराणसी में मंडलायुक्त बोले- आगामी 15 दिन में प्रतिष्ठानों का पूरा कराएं पंजीकरण
Varanasi News: मंडलायुक्त की अध्यक्षता में श्रम एवं रोजगार मंत्रालय की विभिन्न योजनाओं की समीक्षा बैठक गई। इस दौरान मंडलायुक्त मंडलायुक्त एस. राजलिंगम ने कहा कि आगामी 15 दिन में प्रतिष्ठानों का पंजीकरण पूरा कराएं।
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मंडलायुक्त एस. राजलिंगम ने श्रम एवं रोजगार मंत्रालय की विभिन्न योजनाओं की समीक्षा की। शुक्रवार को हुई बैठक में जानकारी दी गई कि 2096 प्रतिष्ठानों में से 1296 प्रतिष्ठानों का पंजीयन कराया गया है। इस पर मंडलायुक्त ने निर्देश दिया कि शेष 880 प्रतिष्ठानों के पंजीकरण में तेजी लाई जाए और 15 दिन के भीतर पंजीकरण की कार्रवाई पूरी की जाए।
प्रधानमंत्री विकसित भारत रोजगार योजना और प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन योजना के बारे में पीपीटी के माध्यम से जानकारी प्रदान की गई। इस योजना के तहत श्रमिकों के प्रथम बार नियोजन की स्थिति में श्रमिकों के साथ-साथ सेवा नियोक्ताओं को भी प्रोत्साहन राशि भारत सरकार द्वारा सीधे डीबीटी के माध्यम से प्रदान की जा रही है।
योजना के तहत पहली बार रोजगार पाने वाले श्रमिक, जिनका वेतन एक लाख रुपये से कम होगा, उन्हें वर्ष में दो समान किस्तों में 7500 रुपये दिए जाएंगे। इस प्रकार कुल 15,000 रुपये का लाभ अनुमन्य किया जाएगा। सेवा नियोक्ताओं को भी 1000 रुपये से 3000 रुपये तक का लाभ अनुमन्य किया जाएगा।
पंजीकरण की प्रक्रिया किसी भी जन सुविधा केंद्र, कंप्यूटर, लैपटॉप या मोबाइल के माध्यम से स्वयं की जा सकती है। योजना के तहत वित्तीय वर्ष की शुरुआत से अब तक की गई पंजीकरण प्रगति पर असंतोष व्यक्त किया गया। सरकारी विभागों को निर्देशित किया गया कि वे लक्षित समूहों के माध्यम से अधिक से अधिक पंजीकरण कराते हुए लाभ प्रदान करें। सभी जनपदों में असंगठित श्रमिकों का अधिकाधिक पंजीकरण कराते हुए उन्हें प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन योजना से जोड़ा जाए।
सीसीटीवी से लैस होंगे मंडल के 216 गोआश्रय स्थल
सभी गोआश्रय स्थलों को सीसीटीवी से लैस करने, बीमार पशुओं को अलग कंपाउंड में रखने, चारे की उपलब्धता के लिए परती, बंजर में मनरेगा की सहायता से हरा चारा उगाने समेत सिंचाई के साधन व गेट लगाने के निर्देश दिए। तहसील/समाधान दिवस पर गोआश्रय स्थलों का निरीक्षण के लिए जिम्मेदारी तय करें।
मंडलायुक्त ने पशुओं के रखरखाव, चारे-पानी और स्वच्छता की स्थिति की जानकारी ली। मंडलायुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि गोशाला में भूसा, हरा चारा, स्वच्छ पेयजल और नियमित स्वास्थ्य परीक्षण की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि गोवंशों की देखभाल में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। बैठक में पशुओं के टीकाकरण अभियान, गोवंश संरक्षण, तथा निराश्रित पशुओं के प्रबंधन की स्थिति की भी समीक्षा की गई। संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि सभी योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए। जमीनी स्तर पर निगरानी बढ़ाई जाए।
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उन्होंने पशुपालकों को समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण सेवाएं उपलब्ध कराने पर विशेष जोर दिया। बैठक में बृहद गोसंरक्षण केंद्र स्थापित करने, नंदिनी कृषक योजना, मिनी नंदिनी योजना की भी जानकारी दी गई। मंडलायुक्त ने कहा कि पशुपालन क्षेत्र ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है, अतः सभी अधिकारी पूरी जिम्मेदारी एवं प्रतिबद्धता के साथ कार्य करें। अंत में, उन्होंने लंबित मामलों का शीघ्र निस्तारण करने एवं विभागीय लक्ष्यों की समय सीमा के भीतर पूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।