{"_id":"643e4ee0123300b1c20db7d9","slug":"varanasi-audio-case-of-overload-truck-lokayukta-complaint-on-minister-and-others-2023-04-18","type":"story","status":"publish","title_hn":"Varanasi: ओवरलोड ट्रक के ऑडियो का मामला, मंत्री और अन्य पर लोकायुक्त परिवाद","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Varanasi: ओवरलोड ट्रक के ऑडियो का मामला, मंत्री और अन्य पर लोकायुक्त परिवाद
Tue, 18 Apr 2023 01:33 PM IST
किरन रौतेला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
Published by: किरन रौतेला
Updated Tue, 18 Apr 2023 01:33 PM IST
सार
अधिकार सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमिताभ ठाकुर ने अपने परिवाद में कहा कि उन्हें 4.07 मिनट की बातचीत की एक रिकॉर्डिंग मिली, जो उप परिवहन आयुक्त वाराणसी अशोक कुमार सिंह, एआरटीओ चंदौली एसपी देव और चंदौली में तैनात परिवहन विभाग के एक सिपाही विपिन कुमार की बताई गयी थी।
विज्ञापन
अधिकार सेना के संयोजक अमिताभ ठाकुर
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
अधिकार सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमिताभ ठाकुर और डॉ नूतन ठाकुर ने लोकायुक्त के समक्ष परिवाद प्रस्तुत किया है। परिवहन विभाग की एक कथित ऑडियो रिकॉर्डिंग तथा ओवरलोड ट्रकों से भारी वसूली की शिकायत तथा इस प्रक्रिया में दोषी अधिकारियों के खिलाफ कार्यवाही करने के स्थान पर उन्हें बचाने के आरोपों के संबंध में लोकायुक्त के समक्ष परिवाद प्रस्तुत किया है।
विज्ञापन
अपने परिवाद में उन्होंने कहा कि उन्हें 4.07 मिनट की बातचीत की एक रिकॉर्डिंग मिली, जो उप परिवहन आयुक्त वाराणसी अशोक कुमार सिंह, एआरटीओ चंदौली एसपी देव और चंदौली में तैनात परिवहन विभाग के एक सिपाही विपिन कुमार की बताई गयी थी। इस बातचीत में बिहार बॉर्डर पर अवैध वसूली को तेजी से बढाए जाने की योजना पर चर्चा की जा रही है। बातचीत में कहा गया है कि यह योजना तभी सफल होगी जब कम से कम छह सात सौ ट्रक गुजरेंगे, मात्र दो तीन सौ ट्रक से काम नहीं होगा और बदनामी अलग से हो जाएगी। बातचीत में प्रति ट्रक 3000 रुपये की रेट वसूली रेट होने की बात भी कही गई।
विज्ञापन
परिवाद में बिहार बॉर्डर से फ़रवरी 2023 में गुजरे लगभग 5000 ट्रकों ओवरलोड ट्रकों की सूची भी दी गयी है, जो परिवहन विभाग की सहायता से बिहार की ओर गुजारी गयी बताई गयी हैं। परिवाद में विभागीय मंत्री दयाशंकर सिंह को मामले की जानकारी होने के बाद भी कार्यवाही नहीं करने के आरोपों की जाँच की भी मांग की गयी है।
विज्ञापन