Varanasi News: केंद्रीय मंत्री बोले- हिंदी बोलने में नहीं होनी चाहिए किसी तरह की झिझक
केंद्रीय इस्पात एवं ग्रामीण विकास राज्यमंत्री फग्गन सिंह कुलस्ते ने वाराणसी में इस्पात मंत्रालय की ओर से आयोजित हिंदी सलाहकार समिति की बैठक को संबोधित किया।
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केंद्रीय इस्पात एवं ग्रामीण विकास राज्यमंत्री फग्गन सिंह कुलस्ते ने कहा कि विभागीय कार्यों में हिंदी का अधिक से अधिक प्रयोग करना चाहिए। राजभाषा को बढ़ावा देने के लिए दैनिक जीवन के सभी क्रियाकलापों में इसको शामिल करने की जरूरत है। हिंदी बोलने में हमें किसी तरह की झिझक नहीं होनी चाहिए। वह बुधवार को नदेसर स्थित होटल में इस्पात मंत्रालय की ओर से आयोजित हिंदी सलाहकार समिति की बैठक को संबोधित कर रहे थे।
केंद्रीय मंत्री ने हिंदी के प्रयोग को बढ़ाने के लिए दिए गए सुझावों का स्वागत करते हुए सदस्यों से कहा कि उनकी ओर से दिए गए रचनात्मक सुझावों पर यथोचित व यथाशीघ्र कार्रवाई की जाएगी। अपर सचिव रुचिका चौधरी गोविल ने राजभाषा हिंदी के प्रगामी प्रयोग और संवर्धन के संबंध में विचार व्यक्त किए।
उन्होंने इस्पात मंत्रालय में राजभाषा हिंदी की स्थिति और इसके संवर्धन व प्रसार के लिए की जा रही गतिविधियों से समिति के सभी सदस्यों को अवगत कराया। इसके बाद इस्पात मंत्रालय की ओर से हिंदी यात्रा विषय पर संक्षिप्त वीडियो प्रस्तुत किया गया। इसके साथ ही सभी पीएसयू ने भी अपने-अपने हिंदी यात्रा से संबंधित यात्रा से संबंधित संक्षिप्त वीडियो पेश की।
समिति के सदस्यों की ओर से मंत्रालय में राजभाषा हिंदी की प्रगति की समीक्षा की गई और हिंदी के प्रयोग को बढ़ाने की दिशा में मंत्रालय के प्रयासों की सराहना की। इस दौरान रांची के सांसद संजय सेठ और राज्य सभा सांसद दिनेश चंद्र जेमलभाई अनावाड़िया मौजूद रहे। अतिथियों का स्वागत मुख्य लेखा नियंत्रक साकेश प्रसाद सिंह और धन्यवाद ज्ञापन अपर सचिव सुकृति लेखी ने किया।