फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Varanasi News ›   The wealth of Sadguru is obtained through service, charity and culture

Varanasi News: सेवाभाव, परोपकार और संस्कार से मिलती है सद्गुरु की संपदा

Tue, 18 Nov 2025 02:02 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Tue, 18 Nov 2025 02:02 AM IST
विज्ञापन
The wealth of Sadguru is obtained through service, charity and culture
धरती पर कोई इंसान तब तक पूर्ण इंसान नहीं बनता है, जब तक उसके हृदय में इंसानियत नहीं होती है। इंसानियत तब आती है जब व्यक्ति सत्संग रूपी तीर्थ में जाकर संत और महापुरुष के सार शब्द रूपी धारा में गोता लगाकर स्नान कर लेता है। इंसान के जीवन में सेवाभाव, परोपकार, शील, संस्कार, सुख, शांति, सादगी, मर्यादा, क्षमा, दया ही सदगुरु रूपी संपदा लेकर आता है। ये बातें जय गुरु बंदे महाराज ने सोमवार को कहीं। वह जय गुरु बंदे आश्रम छितौना जाल्हूपुर में आयोजित सत्संग में प्रवचन सुना रहे थे। उन्होंने कहा कि इंसानियत एवं सद्गुणों से इंसान संसार में अपने परिवार का कार्य करते हुए देश, समाज,दीन दुखियों, दबे-कुचले हुए लोगों के हित में अपना कर्म करके इस माया की दुनिया से अमरत्व की प्राप्ति कर लेता है। संत शरण में जो गया वह इंसान बन गया। इस दौरान महंत रमेश दास, अद्भुत दास, राकेश सिंह, विजय कांत सिंह, बच्चा पाठक उपस्थित रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed