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Varanasi News: चांदपुर औद्योगिक आस्थान में कूड़ा उठान और अतिक्रमण के मामले में होगा सर्वे
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जिलाधिकारी की अध्यक्षता में हुई उद्योग बंधु की बैठक, चांदपुर में ईएसआईसी डिस्पेंसरी खोलने की मांग, डीएम ने दिए निर्देश
माई सिटी रिपोर्टर
वाराणसी।
उद्योग बंधु और एमओयू क्रियान्वयन संबंधी जिलास्तरीय समिति की बैठक मंगलवार को कलेक्ट्रेट में हुई। इसमें उद्यमियों ने चांदपुर औद्योगिक आस्थान में ईएसआईसी की डिस्पेंसरी खोलने की मांग की। इस दौरान जिलाधिकारी ने उपायुक्त उद्योग को कमरा उपलब्ध कराने को निर्देशित किया। जिलाधिकारी एस. राजलिंगम ने निवेश प्रस्तावों की समीक्षा की। 11 प्रकरण समयसीमा के बाद भी लंबित होने पर विभागों को तत्काल निस्तारण के निर्देश दिए। ताकि निवेश मित्र पोर्टल पर रैंकिंग ठीक रहे। चांदपुर औद्योगिक आस्थान में कूड़ा उठान और अतिक्रमण की समस्या उद्यमियों ने उठाई। जिलाधिकारी ने नगर निगम, उद्योग व संबंधित औद्योगिक संघ के प्रतिनिधियों के साथ संयुक्त सर्वे करने को कहा। अवैध ईंट भट्ठों के संचालन को बंद करने के संबंध में अपर जिलाधिकारी ( प्रशासन) की अध्यक्षता में समिति बनाई। साथ ही सहायक पुलिस आयुक्त, उप जिलधिकारी, क्षेत्रीय अधिकारी, प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड को जांच का आदेश दिया। नगर निगम की सीमा में ईंट भट्ठों को लाइसेंस जारी करने के संबंध में सहायक नगर आयुक्त ने जानकारी दी। कर्मचारी राज्य बीमा निगम की डिस्पेंसरी स्थापित करने पर चर्चा हुई। बैठक में सीडीओ हिमांशु नागपाल, राजेश भाटिया, नीरज पारीक, रमेश लालवानी, ईंट निर्माता परिषद के अध्यक्ष कमलाकांत पांडेय, लघु उद्योग भारती काशी प्रांत के अध्यक्ष राजेश सिंह आदि मौजूद रहे।
पांच लाख का लोन लीजिये, अपना उद्योग शुरू करिये
वाराणसी। युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने के क्रम में मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान योजना के तहत जिला कार्यक्रम प्रबंधन इकाई की बैठक मंगलवार को जिलाधिकारी की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में हुई। जिलाधिकारी एस. राजलिंगम ने बताया कि योजना के तहत उद्योग एवं सेवा क्षेत्र में सूक्ष्म उद्यमों की स्थापना के लिए 21 से 40 वर्ष के आवेदक जो किसी भी प्रशिक्षण योजना अंतर्गत कौशल प्रशिक्षण प्राप्त हैं, वह पात्र होंगे। न्यूनतम शैक्षिक योग्यता आठवीं होगी। 5 लाख तक की परियोजना पर 10 प्रतिशत मार्जिन मनी व ब्याज मुक्त ऋण दिया जाएगा। वाराणसी के आवेदकों को 10 प्रतिशत अंशदान जमा करना होगा। ब्याज उपादान त्रैमासिक आधार पर किया जाएगा। 6 महीने की ऋण स्थगन अवधि रहेगी। 4 वर्ष की समय सीमा के अंदर ऋण चुकता करने वाले लाभार्थी द्वितीय चरण के ऋण के लिए पात्र होंगे, जिसके तहत अधिकतम 7.50 लाख रुपये की परियोजना पर 50 प्रतिशत ब्याज उपादान 3 वर्षों के लिए देय होगा। ब्यूरो
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माई सिटी रिपोर्टर
वाराणसी।
उद्योग बंधु और एमओयू क्रियान्वयन संबंधी जिलास्तरीय समिति की बैठक मंगलवार को कलेक्ट्रेट में हुई। इसमें उद्यमियों ने चांदपुर औद्योगिक आस्थान में ईएसआईसी की डिस्पेंसरी खोलने की मांग की। इस दौरान जिलाधिकारी ने उपायुक्त उद्योग को कमरा उपलब्ध कराने को निर्देशित किया। जिलाधिकारी एस. राजलिंगम ने निवेश प्रस्तावों की समीक्षा की। 11 प्रकरण समयसीमा के बाद भी लंबित होने पर विभागों को तत्काल निस्तारण के निर्देश दिए। ताकि निवेश मित्र पोर्टल पर रैंकिंग ठीक रहे। चांदपुर औद्योगिक आस्थान में कूड़ा उठान और अतिक्रमण की समस्या उद्यमियों ने उठाई। जिलाधिकारी ने नगर निगम, उद्योग व संबंधित औद्योगिक संघ के प्रतिनिधियों के साथ संयुक्त सर्वे करने को कहा। अवैध ईंट भट्ठों के संचालन को बंद करने के संबंध में अपर जिलाधिकारी ( प्रशासन) की अध्यक्षता में समिति बनाई। साथ ही सहायक पुलिस आयुक्त, उप जिलधिकारी, क्षेत्रीय अधिकारी, प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड को जांच का आदेश दिया। नगर निगम की सीमा में ईंट भट्ठों को लाइसेंस जारी करने के संबंध में सहायक नगर आयुक्त ने जानकारी दी। कर्मचारी राज्य बीमा निगम की डिस्पेंसरी स्थापित करने पर चर्चा हुई। बैठक में सीडीओ हिमांशु नागपाल, राजेश भाटिया, नीरज पारीक, रमेश लालवानी, ईंट निर्माता परिषद के अध्यक्ष कमलाकांत पांडेय, लघु उद्योग भारती काशी प्रांत के अध्यक्ष राजेश सिंह आदि मौजूद रहे।
पांच लाख का लोन लीजिये, अपना उद्योग शुरू करिये
वाराणसी। युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने के क्रम में मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान योजना के तहत जिला कार्यक्रम प्रबंधन इकाई की बैठक मंगलवार को जिलाधिकारी की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में हुई। जिलाधिकारी एस. राजलिंगम ने बताया कि योजना के तहत उद्योग एवं सेवा क्षेत्र में सूक्ष्म उद्यमों की स्थापना के लिए 21 से 40 वर्ष के आवेदक जो किसी भी प्रशिक्षण योजना अंतर्गत कौशल प्रशिक्षण प्राप्त हैं, वह पात्र होंगे। न्यूनतम शैक्षिक योग्यता आठवीं होगी। 5 लाख तक की परियोजना पर 10 प्रतिशत मार्जिन मनी व ब्याज मुक्त ऋण दिया जाएगा। वाराणसी के आवेदकों को 10 प्रतिशत अंशदान जमा करना होगा। ब्याज उपादान त्रैमासिक आधार पर किया जाएगा। 6 महीने की ऋण स्थगन अवधि रहेगी। 4 वर्ष की समय सीमा के अंदर ऋण चुकता करने वाले लाभार्थी द्वितीय चरण के ऋण के लिए पात्र होंगे, जिसके तहत अधिकतम 7.50 लाख रुपये की परियोजना पर 50 प्रतिशत ब्याज उपादान 3 वर्षों के लिए देय होगा। ब्यूरो
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