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Varanasi News: चंदौली की खबर जरूरी
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पीडीडीयू नगर। पुलिस अधीक्षक ने वर्ष 2013 में कांशीराम आवास आवंटन घोटाले के मामले में चंदौली में मुकदमा दर्ज होने के बाद विवेचक रहे और मामले से संबंधित कई उपनिरीक्षकों और निरीक्षकों के खिलाफ कारण बताओ नोटिस जारी किया है।
उन्होंने आजमगढ़ में तैनात उपनिरीक्षक राकेश सिंह, मिर्जापुर में तैनात उपनिरीक्षक अजय कुमार सिंह यादव और माधव सिंह, जौनपुर जिले में तैनात उपनिरीक्षक सुनील कुमार चौरसिया, भदोही जनपद में तैनात इंद्र प्रताप यादव, कौशांबी जनपद में तैनात धीरेंद्र कुमार सिंह, चंदौली जिले में तैनात उप निरीक्षक शिव शंकर सिंह, आजमगढ़ में तैनात इंस्पेक्टर बालमुकुंद मिश्रा और राम उजागिर, मऊ जिले में तैनात इंस्पेक्टर अखिलेश कुमार शुक्ला, गाजीपुर जिले में तैनात तेज बहादुर सिंह, चंदौली जिले के बलुआ थाना प्रभारी के रूप में तैनात इंस्पेक्टर विनय प्रकाश सिंह और चंदौली जनपद में तैनात अपराध विवेचना शाखा के पूर्व इंस्पेक्टर अरविंद कुमार यादव के खिलाफ नोटिस जारी करते हुए मामले में 15 दिन के अंदर अपना स्पष्टीकरण देने को कहा है।
इतना ही नहीं हाईकोर्ट के निर्देश के बाद अब पुलिस क्षेत्राधिकारियों पर भी गाज गिरने की उम्मीद है, जो इसकी विवेचना की सही तरह से मानिटरिंग नहीं कर पाए थे। शुक्रवार को चंदौली के पुलिस अधीक्षक अंकुर अग्रवाल को हाईकोर्ट में पेश होकर इस मामले में अब तक की गई कार्रवाई की जानकारी पेश करनी है। ऐसे में यह माना जा रहा है कि पुलिस अधीक्षक अंकुर अग्रवाल विवेचना अधिकारियों, उपनिरीक्षकों के साथ-साथ इस मामले की मानीटरिंग करने वाले राजपत्रित पुलिस उपाधीक्षकों के खिलाफ भी की गई कार्रवाई का विवरण न्यायालय के समक्ष रखेंगे।
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उन्होंने आजमगढ़ में तैनात उपनिरीक्षक राकेश सिंह, मिर्जापुर में तैनात उपनिरीक्षक अजय कुमार सिंह यादव और माधव सिंह, जौनपुर जिले में तैनात उपनिरीक्षक सुनील कुमार चौरसिया, भदोही जनपद में तैनात इंद्र प्रताप यादव, कौशांबी जनपद में तैनात धीरेंद्र कुमार सिंह, चंदौली जिले में तैनात उप निरीक्षक शिव शंकर सिंह, आजमगढ़ में तैनात इंस्पेक्टर बालमुकुंद मिश्रा और राम उजागिर, मऊ जिले में तैनात इंस्पेक्टर अखिलेश कुमार शुक्ला, गाजीपुर जिले में तैनात तेज बहादुर सिंह, चंदौली जिले के बलुआ थाना प्रभारी के रूप में तैनात इंस्पेक्टर विनय प्रकाश सिंह और चंदौली जनपद में तैनात अपराध विवेचना शाखा के पूर्व इंस्पेक्टर अरविंद कुमार यादव के खिलाफ नोटिस जारी करते हुए मामले में 15 दिन के अंदर अपना स्पष्टीकरण देने को कहा है।
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इतना ही नहीं हाईकोर्ट के निर्देश के बाद अब पुलिस क्षेत्राधिकारियों पर भी गाज गिरने की उम्मीद है, जो इसकी विवेचना की सही तरह से मानिटरिंग नहीं कर पाए थे। शुक्रवार को चंदौली के पुलिस अधीक्षक अंकुर अग्रवाल को हाईकोर्ट में पेश होकर इस मामले में अब तक की गई कार्रवाई की जानकारी पेश करनी है। ऐसे में यह माना जा रहा है कि पुलिस अधीक्षक अंकुर अग्रवाल विवेचना अधिकारियों, उपनिरीक्षकों के साथ-साथ इस मामले की मानीटरिंग करने वाले राजपत्रित पुलिस उपाधीक्षकों के खिलाफ भी की गई कार्रवाई का विवरण न्यायालय के समक्ष रखेंगे।
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