Samar Singh: समर सिंह की पुलिस कस्टडी रिमांड पर फैसला अब कल, जेल में बंद भोजपुरी गायक है गुमसुम
आकांक्षा दुबे मौत प्रकरण में गिरफ्तार भोजपुरी गायक समर सिंह 72 घंटे की पुलिस कस्टडी रिमांड की अर्जी सारनाथ थाने की पुलिस ने सोमवार को कोर्ट में पेश की। सिविल जज फास्ट ट्रैक कोर्ट सौरभी पाठक की अदालत ने मंगलवार को समर सिंह को तलब किया है।
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भोजपुरी अभिनेत्री आकांक्षा दुबे को आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोपी समर सिंह की पुलिस कस्टडी रिमांड की अर्जी पर मंगलवार को कोर्ट का आदेश आ सकता है। सिविल जज फास्ट ट्रैक कोर्ट सौरभी पाठक की अदालत ने आकांक्षा दुबे आत्महत्या प्रकरण में जेल भेजे गए समर सिंह को रिमांड आवेदन की प्रति उपलब्ध कराने के लिए मंगलवार को जिला कारागार से कोर्ट में तलब किया है।
अदालत में समर सिंह को 72 घंटे पुलिस रिमांड पर देने के लिए विवेचक की तरफ से शनिवार को दिए गए आवेदन पर सोमवार को सुनवाई हुई। समर सिंह के अधिवक्ताओं अनुज यादव, विकास यादव व आशीष सिंह ने कहा कि पुलिस रिमांड संबंधी आवेदन कि प्रति आरोपी को उपलब्ध कराई जाय ताकि आपत्ति दाखिल की जा सके।
अदालत ने इस पर सुनवाई के बाद आरोपी को जिला कारागार से पुलिस रिमांड के आवेदन की प्रति उपलब्ध कराने के लिए मंगलवार को तलब किया है। माना जा रहा है कि आकांक्षा दुबे की आत्महत्या की गुत्थी सुलझाने के लिए अदालत समर सिंह की 72 घंटे की कस्टडी रिमांड की अर्जी मंजूर कर लेगी।
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पुलिस कस्टडी रिमांड से सुलझेगी गुत्थी
पुलिस के अनुसार, कस्टडी रिमांड मंजूर होने पर आकांक्षा की आत्महत्या की वजह के संबंध में समर सिंह से विस्तार से पूछताछ की जाएगी। अब तक की पूछताछ में समर से कोई ठोस जानकारी हाथ नहीं लगी है। उसके मोबाइल की कॉल डिटेल खंगालने के साथ ही उसका डेटा भी रिकवर करने का प्रयास किया जा रहा है।
सारनाथ स्थित एक होटल के कमरे में बीते 26 मार्च की सुबह आकांक्षा दुबे फंदे से लटकी मिली थीं। आकांक्षा को आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोपी आजमगढ़ के मेंहनगर निवासी समर सिंह को गाजियाबाद से बीते छह अप्रैल की देर रात गिरफ्तार किया गया था। समर को 8 अप्रैल की शाम रिमांड मजिस्ट्रेट की अदालत में पेश कर न्यायिक अभिरक्षा में जिला जेल भेजा गया।
जेल में किसी से भी बात नहीं कर रहा समर सिंह
जिला जेल प्रशासन से जुड़े सूत्रों ने बताया कि शनिवार को कारागार में दाखिल होने के बाद क्वारंटीन बैरक में रखा गया समर सिंह गुमसुम है। बैरक में मौजूद अन्य बंदियों से वो बातचीत नहीं कर रहा है। रविवार देर रात तक वह अपने सोने की जगह पर बैठा ही हुआ था। सोमवार सुबह भी वह बंदियों से कन्नी काटता रहा।
इस बीच समर को जानने वाले बंदियों ने उससे दुआ-सलाम भी किया, लेकिन उसने किसी को जवाब नहीं दिया। रविवार कोसमर ने जेल की कैंटीन से चाय और समोसा खरीदा था। मुलाकात करने के लिए उसका कोई परिजन जिला जेल नहीं पहुंचा था। उधर, आकांक्षा दुबे को आत्महत्या के लिए उकसाने के एक अन्य आरोपी आजमगढ़ के बिलरियागंज क्षेत्र के गद्दोपुर गांव निवासी संजय सिंह की तलाश में पुलिस की दबिश जारी है।