गंदगी का अंबार छोड़ हद में पहुंच गई वरुणा, गंगा का जलस्तर घटकर हुआ 26.25 मीटर
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गंगा का घटाव जारी है। गंगा के घटाव के चलते ही वरुणा भी अपने हद में पहुंच गई हैं। वरुणा के किनारे के क्षेत्रों में गंदगी व बदबू से लोगों की परेशानियां बढ़ गई हैं। केन्द्रीय जल आयोग के अनुसार गंगा का जलस्तर 67.25 मीटर पर पहुंच गया है, जबकि घटाव दो सेमी प्रति घंटा हो रहा है।
गंगा में हो रहे घटाव के बाद वरुणा नदी का पानी भी सोमवार को पूरी तरह से स्थिर हो गया। कोनिया से लेकर चौका घाट के बीच तटवर्ती इलाकों में रहने वाले लोगों के घरों से बाढ़ का पानी निकल गया है, लेकिन वरुणा नदी अपने पीछे गंदगी का अंबार छोड़ गई है। वहीं कुछ मकान अभी भी जलजमाव की चपेट में है।
नक्खीघाट, हिदायत नगर, दनीयालपुर, अंसार नगर, मीरा घाट, कोनिया इलाके में रहने वाले लोग अपने घरों में वापस तो पहुंच गए थे, लेकिन मकान में कीचड़ और गंदगी के कारण उनकी दुश्वारियां अब भी कम नहीं हुई है। नक्खी घाट निवासी ओमप्रकाश चौधरी ने बताया कि बाढ़ का पानी उतरने के बाद उनके मड़ई में करीब चार फुट मोटी कीचड़ की परत जम गई है और कूड़े का ढेर भी लग गया है।
अंसार नगर निवासी पनारू, मिल्लत नगर निवासी पप्पू कुमार और अजहरुद्दीन ने बताया कि बाढ़ के पानी में वह अपने परिवार के साथ मकान के दूसरे तल पर रह रहे हैं। बाढ़ का पानी उतरने के बाद राहत तो है, लेकिन घर में पूरी तरह से कीचड़ भरा हुआ है। प्रशासन को बाढ़ पीड़ितों के घरों में भरे कीचड़ और कूड़े के अंबार के साफ-सफाई के लिए कुछ करना चाहिए।