वाराणसी: मकान पर कब्जा के लिए एनटीपीसी के रिटायर्ड अधिकारी की अगवा कर हत्या, कानपुर में मिला था शव
हत्या की वारदात के तार कई जिलों से जुड़े हैं। वाराणसी छावनी स्थित बुद्ध विहार कॉलोनी निवासी मार्तंड शाही का नौबस्ता थाने की सीमा पर आठ अगस्त को शव मिला था।
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उत्तर प्रदेश के वाराणसी छावनी स्थित बुद्ध विहार कॉलोनी निवासी और एनटीपीसी से सेवानिवृत्त अधिकारी मार्तंड शाही की अगवा कर हत्या कर दी गई। आठ अगस्त को मार्तंड शाही का शव कानपुर स्थित नौबस्ता थाने की सीमा पर बरामद हुआ था। पुत्र की तहरीर पर कैंट पुलिस ने दंपती सहित आठ लोगों के खिलाफ मंगलवार को हत्या और अपहरण सहित विभिन्न आरोपों में मुकदमा दर्ज किया।
गाजियाबाद में नौकरी करने वाले पुत्र अमित शाही के अनुसार मां के देहांत के बाद पिता अकेले ही बुद्ध विहार स्थित कॉलोनी में रहते थे। आठ अगस्त को कानपुर में रहने वाले बहनोई ऋषि त्रिपाठी को नौबस्ता थाने की पुलिस ने पिता के शव मिलने की सूचना दी। इसके बाद गाजियाबाद से कानपुर पहुंचकर पिता का अंतिम संस्कार कराया।
कई जिलों से जुड़े हैं हत्या के तार
हत्या की वारदात के तार कई जिलों से जुड़े हैं। दाह संस्कार के बाद बनारस पहुंचा तो पड़ोसियों से जानकारी मिली कि मकान से चोरी हो रही है। इसकी शिकायत कैंट पुलिस में दर्ज कराई तो पुलिस से जानकारी मिली कि मकान पर गाजीपुर के करीमुद्दीन निवासी राजेश चौहान और पत्नी कंचन चौहान का कब्जा है, जो ककरमत्ता स्थित जानकी नगर कॉलोनी में रहते हैं।
पुत्र अमित का आरोप है कि राजेश चौहान व उसकी पत्नी कंचन, गोरखपुर के चिलुआताल सेमरा निवासी बृजेश यादव व करजहो चिलुआताल निवासी रमेश यादव, जौनपुर पोखरा निवासी दिनेश कुमार सिंह, भोजूबीर निवासी निगमेंद्र सिंह सिसौदिया, गोरखपुर के सुभाष चंद्र बोस नगर कॉलोनी निवासी सुबोध कुमार द्विवेदी और शिवपुर भरलाई निवासी राजेश कुमार ने संपत्ति की लालच में अगवा करके हत्या कर दी। कैंट पुलिस के अनुसार मुकदमा दर्ज करते हुए मामले की जांच की जा रही है।