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रियल एस्टेट कारोबार को सरकार से ‘संजीवनी’ की दरकार
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आसमान छू रही भवन निर्माण सामग्री की कीमतें रियल एस्टेट कारोबारियों की कमर तोड़ रही है। उन्हें परियोजनाएं पूरी करने में दिक्कत हो रही है। कोरोना काल में मजदूरों की कमी से भवन निर्माण का काम पहले ही बाधित है। जिसकी वजह से बैंक का ब्याज भी बढ़ रहा है। भवन निर्माताओं का कहना है कि महामारी और महंगाई के बोझ से रियल एस्टेट का कारोबार एकदम बेजार हो गया है। न चाहते हुए भी फ्लैट की कीमत बढ़ानी पड़ रही है। पहले जो बालू 40 रुपये प्रति घन फुट था अब उसकी कीमत 100 रुपये तक पहुंच गई है। इसी तरह बाकी सामग्रियों की कीमतें आसमान छू रही हैं। परियोजनाएं पूरी करने में काफी दिक्कतें हो रही हैं। यदि सरकार भवन निर्माण सामग्री के कीमतों को नियंत्रित करे तो रियल एस्टेट कारोबारियों को राहत मिले। यह कारोबारियों के लिए संजीवनी का काम करेगा। वहीं, कारोबारियों ने बताया कि 2020 में कुल 200 करोड़ का कारोबार प्रभावित हुआ है।
निर्माण सामग्री के भाव
सामग्री 2020 2021
गिट्टी 50-52 73-75 (प्रति घन क्यूब)
सरिया 40-42 61-62 (प्रति किलो)
सीमेंट 270-275 310-320 (प्रति बैग)
बिजली तार 18-20 28-30 (प्रति मीटर)
पाइप 1700-1800 2000-2100
बिजली स्वीच 58-60 90-95 (प्रति पीस)
डीजल 73-74 84-85 (प्रति लीटर)
निर्माण सामग्री की कीमतों में पिछले साल की तुलना में 30-40 प्रतिशत वृद्धि हुई है। परियोजना को पूरा करने में अड़चनें आ रही हैं। न चाहते हुए भी फ्लैटों के दाम में बढ़ोतरी करनी पड़ेगी।
-अनुज डीडवानिया, चेयरमैन, पूर्वांचल रियल एस्टेट एसोसिएशन
बिहार से बालू नहीं आ रहा है। बिल्डिंग मटेरियल के दाम दोगुने हो गए हैं । सरकार ने इस पर ध्यान नहीं देगी तो कीमतें और बढ़ सकती हैं।
-अरविंद कुमार जायसवाल, वितरक
दुद्धी और चोपन से बालू गिट्टी की आवक शुरू हो तो कीमतों में कमी की गुंजाइश हो सकती है। बालू, गिट्टी तो ज्यादातर बाजार से गायब ही हैं। जो हैं उनकी कीमतें आसमान छू रही हैं।
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-राज श्रीवास्तव, वितरक गिट्टी बालू
नोटबंदी के बाद से फ्लैटों के दाम में बहुत बढ़ोतरी नहीं हुई। अब ज्यादातर निर्माण सामग्री की कीमत दोगुनी हो चुकी है। ऐसे में फ्लैटों का दाम बढ़ाने को विवश हैं, नहीं तो परियोजनाओं को पूरा कर पाना असंभव होगा।
-आरसी जैन, अध्यक्ष, पूर्वांचल रियल एस्टेट एसोसिएशन
दो बार बंदी और कोरोना की दूसरी लहर की वजह से मजदूरों की किल्लत हो गई है। जब तक कोरोना का टीका सभी को नहीं लग जाता मजदूरों का मिल पाना मुश्किल है। जो मिल रहे हैं वह मजदूरी अधिक मांग रहे हैं।
-आकाश दीप, महासचिव, पूर्वांचल रियल एस्टेट एसोसिएशन
सीमेंट, स्टील, बालू, गिट्टी आदि के दाम आसमान छू रहे हैं। इससे परियोजनाओं की लागत भी बढ़ गई है। सरकार को तुरंत इस पर ध्यान देकर लागत कम करने का प्रयास करना चाहिए।
जीत सिन्हा, कोषाध्यक्ष, पूर्वांचल रियल एस्टेट एसोसिएशन
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निर्माण सामग्री के भाव
सामग्री 2020 2021
गिट्टी 50-52 73-75 (प्रति घन क्यूब)
सरिया 40-42 61-62 (प्रति किलो)
सीमेंट 270-275 310-320 (प्रति बैग)
बिजली तार 18-20 28-30 (प्रति मीटर)
पाइप 1700-1800 2000-2100
बिजली स्वीच 58-60 90-95 (प्रति पीस)
डीजल 73-74 84-85 (प्रति लीटर)
निर्माण सामग्री की कीमतों में पिछले साल की तुलना में 30-40 प्रतिशत वृद्धि हुई है। परियोजना को पूरा करने में अड़चनें आ रही हैं। न चाहते हुए भी फ्लैटों के दाम में बढ़ोतरी करनी पड़ेगी।
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-अनुज डीडवानिया, चेयरमैन, पूर्वांचल रियल एस्टेट एसोसिएशन
बिहार से बालू नहीं आ रहा है। बिल्डिंग मटेरियल के दाम दोगुने हो गए हैं । सरकार ने इस पर ध्यान नहीं देगी तो कीमतें और बढ़ सकती हैं।
-अरविंद कुमार जायसवाल, वितरक
दुद्धी और चोपन से बालू गिट्टी की आवक शुरू हो तो कीमतों में कमी की गुंजाइश हो सकती है। बालू, गिट्टी तो ज्यादातर बाजार से गायब ही हैं। जो हैं उनकी कीमतें आसमान छू रही हैं।
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-राज श्रीवास्तव, वितरक गिट्टी बालू
नोटबंदी के बाद से फ्लैटों के दाम में बहुत बढ़ोतरी नहीं हुई। अब ज्यादातर निर्माण सामग्री की कीमत दोगुनी हो चुकी है। ऐसे में फ्लैटों का दाम बढ़ाने को विवश हैं, नहीं तो परियोजनाओं को पूरा कर पाना असंभव होगा।
-आरसी जैन, अध्यक्ष, पूर्वांचल रियल एस्टेट एसोसिएशन
दो बार बंदी और कोरोना की दूसरी लहर की वजह से मजदूरों की किल्लत हो गई है। जब तक कोरोना का टीका सभी को नहीं लग जाता मजदूरों का मिल पाना मुश्किल है। जो मिल रहे हैं वह मजदूरी अधिक मांग रहे हैं।
-आकाश दीप, महासचिव, पूर्वांचल रियल एस्टेट एसोसिएशन
सीमेंट, स्टील, बालू, गिट्टी आदि के दाम आसमान छू रहे हैं। इससे परियोजनाओं की लागत भी बढ़ गई है। सरकार को तुरंत इस पर ध्यान देकर लागत कम करने का प्रयास करना चाहिए।
जीत सिन्हा, कोषाध्यक्ष, पूर्वांचल रियल एस्टेट एसोसिएशन