वाराणसी: प्रीति के परिजनों से मिलने पहुंचे राज्यमंत्री का विरोध, बिना मिले वापस लौटे
प्रीति के परिजनों को ढांढस बंधाने तेलियाबाग पहुंचे प्रदेश के स्टांप एवं न्यायालय शुल्क राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) रवींद्र जायसवाल को लोगों का भारी विरोध झेलना पड़ा। क्षेत्रीय लोगों ने मंत्री को घेरकर वापस जाओ के नारे लगाए। साथ ही केंद्र और प्रदेश सरकार विरोधी नारेबाजी भी की। करीब आधा घंटा तक वह विरोध झेलते रहे।
इस दौरान पुलिस बल लगाकर विरोध करने वालों को पीछे धकेलने की कोशिश की गई तो लोग और नाराज हो गए। युवती के घर से थोड़ी दूरी पर खड़े मंत्री को भीड़ ने आगे नहीं जाने दिया। लगातार विरोध में नारेबाजी को देखते हुए मंत्री बिना परिवार के लोगों से मुलाकात किए वापस लौट गए।
इसके बाद वह सर्किट हाउस पहुंचे। यहां एडीजी जोन, आईजी रेंज और एसएसपी के साथ बैठक कर उन्होंने कहा कि मामले में प्रभावी तरीके से निष्पक्ष कार्रवाई हो। युवती के परिजन पुलिस की कार्रवाई से पूरी तरह संतुष्ट नजर आने चाहिए।
विरोध करने वाले विपक्षी पार्टी के लोग: राज्यमंत्री
मंत्री रवींद्र जायसवाल ने सर्किट हाउस में पत्रकारों से कहा कि मौके पर जो विरोध हुआ है, वह विपक्ष के इशारे पर हुआ। उनके परिवार का एक सदस्य सपा का नेता है। उसी के इशारे पर लोग जुटे थे। जिस घर के लड़का-लड़की खोएंगे तो परिवार के लोग आपा खोते ही हैं।
उन्होंने बताया कि शनिवार को घटना की जानकारी होने पर उन्होंने पुलिस व प्रशासनिक अधिकारियों से बातचीत कर जांच के लिए कहा था। रविवार को वह उनके घरवालों से मिलने जा रहे थे। इस मामले में किसी प्रकार की कोताही नहीं बरती जाएगी।
दुष्प्रचार करने और उकसाने वालों पर होगी कार्रवाई
एसएसपी ने बताया कि युवती की मौत के बाद कुछ लोगों ने सोशल मीडिया पर दुष्कर्म पीड़िता जैसे शब्दों का प्रयोग किया। इसके अलावा 14 दिसंबर की शाम शराब के नशे में धुत कुछ लोग परिजनों के साथ प्रदर्शन में शामिल होकर उन्हें उकसा रहे थे। उनकी वीडियोग्राफी कराई गई है। उनके नाम और पते की तस्दीक कराकर थाने के रजिस्टर नंबर आठ में दर्ज किया जाएगा। सोशल मीडिया पर दुष्प्रचार करने वालों को चिह्नित कर सोशल मीडिया सेल उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई करेगी।