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Varanasi News: क्षेत्रीय बोर्ड कार्यालय में साल भर क्या होता है नहीं बता सके अधिकारी
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क्षेत्रीय बोर्ड कार्यालय में तैनात अधिकारी पूरे साल क्या करते हैं, उन्हें नहीं पता। अपर मुख्य सचिव पार्थ सारथी सेन ने जब यह सवाल अपर सचिव समेत बोर्ड के अन्य अधिकारियों से पूछा तो सभी बगलें झांकते नजर आए। उन्होंने नाराजगी जताई और एक कमेटी गठित कर इस कार्यालय में पूरे साल होने वाले कामकाज का ब्योरा देने को कहा है। अब कमेटी यह ब्योरा तैयार करेगी।
बुधवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बेसिक और माध्यमिक के शिक्षकों को कैशलेस चिकित्सा योजना की सौगात दी। इस कार्यक्रम में शामिल होने बेसिक और माध्यमिक शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव पार्थ सारथी सेन भी वाराणसी आए थे। कार्यक्रम के बाद उन्होंने माध्यमिक शिक्षा परिषद के वाराणसी क्षेत्रीय कार्यालय, हिंदी संस्थान, मनोविज्ञानशाला जैसे संस्थानों का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने इन कार्यालयों में होने वाले कामकाज और उसकी उपयोगिता पर सवाल उठाए। उन्होंने सीधे एससीईआरटी से संबद्ध संस्थानों का निरीक्षण किया।
जब क्षेत्रीय बोर्ड कार्यालय पहुंचे तो वहां मौजूद अपर सचिव भास्कर मिश्रा से उन्होंने सीधे सवाल किया। उन्होंने कहा कि यहां आप, आपके अधिकारी और कर्मचारी पूरे साल क्या काम करते हैं..? इस पर खुद को नए अपर सचिव के रूप में चार्ज लेने की बात कहकर बच निकले। जेडी दिनेश सिंह व उप सचिव आशीष राय ने बताया कि मार्कशीट आदि में संशोधन आदि काम होते हैं। क्षेत्रीय कार्यालय के कार्यों से अपर मुख्य सचिव असंतुष्ट दिखे। इस पर उन्होंने कहा- एक साल में क्या काम यहां किया गया है और क्या-क्या काम होंगे, अधिकारियों व कर्मचारियों की रिपोर्ट तैयार करने के लिए कमेटी बनाई जाए। इसके बाद वह हिंदी संस्थान व मनोविज्ञानशाला भी गए। जिला राजकीय पुस्तकालय में निरीक्षण के दौरान परीक्षाओं की तैयारी करने वाले प्रतियोगी छात्र अपनी बुक लेकर पढ़ते दिखे। इस पर उन्होंने पुस्तकालय में पर्याप्त किताबें उपलब्ध कराने को कहा।
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बुधवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बेसिक और माध्यमिक के शिक्षकों को कैशलेस चिकित्सा योजना की सौगात दी। इस कार्यक्रम में शामिल होने बेसिक और माध्यमिक शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव पार्थ सारथी सेन भी वाराणसी आए थे। कार्यक्रम के बाद उन्होंने माध्यमिक शिक्षा परिषद के वाराणसी क्षेत्रीय कार्यालय, हिंदी संस्थान, मनोविज्ञानशाला जैसे संस्थानों का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने इन कार्यालयों में होने वाले कामकाज और उसकी उपयोगिता पर सवाल उठाए। उन्होंने सीधे एससीईआरटी से संबद्ध संस्थानों का निरीक्षण किया।
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जब क्षेत्रीय बोर्ड कार्यालय पहुंचे तो वहां मौजूद अपर सचिव भास्कर मिश्रा से उन्होंने सीधे सवाल किया। उन्होंने कहा कि यहां आप, आपके अधिकारी और कर्मचारी पूरे साल क्या काम करते हैं..? इस पर खुद को नए अपर सचिव के रूप में चार्ज लेने की बात कहकर बच निकले। जेडी दिनेश सिंह व उप सचिव आशीष राय ने बताया कि मार्कशीट आदि में संशोधन आदि काम होते हैं। क्षेत्रीय कार्यालय के कार्यों से अपर मुख्य सचिव असंतुष्ट दिखे। इस पर उन्होंने कहा- एक साल में क्या काम यहां किया गया है और क्या-क्या काम होंगे, अधिकारियों व कर्मचारियों की रिपोर्ट तैयार करने के लिए कमेटी बनाई जाए। इसके बाद वह हिंदी संस्थान व मनोविज्ञानशाला भी गए। जिला राजकीय पुस्तकालय में निरीक्षण के दौरान परीक्षाओं की तैयारी करने वाले प्रतियोगी छात्र अपनी बुक लेकर पढ़ते दिखे। इस पर उन्होंने पुस्तकालय में पर्याप्त किताबें उपलब्ध कराने को कहा।
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