Gyanvapi: अब 65 अधिवक्ताओं की टीम लड़ेगी ज्ञानवापी के मुकदमे, राजा भैया के पिता उदय प्रताप सिंह बने पैरोकार
Gyanvapi Case: ज्ञानवापी से जुड़े विभिन्न अदालतों में लंबित मामलों की प्रभावी पैरवी के लिए 65 अधिवक्ताओं की टीम लगाई जा रही है। विसेन परिवार की ओर से दाखिल मुकदमों का पैरोकार भदरी राजपरिवार के उदय प्रताप सिंह को बनाया गया है।
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वाराणसी के ज्ञानवापी से जुड़े जिला अदालत, इलाहाबाद हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट में लंबित मामलों की प्रभावी पैरवी के लिए 65 अधिवक्ताओं की टीम लगाई जा रही है। अधिवक्ता मामलों का अध्ययन करके साक्ष्यों के साथ प्रभावी पैरवी करेंगे। यह जानकारी विश्व वैदिक सनातन संघ के प्रमुख जितेंद्र सिंह विसेन ने दी है।
इसी सिलसिले में विसेन परिवार की ओर से दाखिल मुकदमों का पैरोकार भदरी राजपरिवार के उदय प्रताप सिंह को बनाया गया है। ज्ञानवापी मामलों से किनारा करने के बाद जितेंद्र सिंह विसेन ने कहा कि उदय प्रताप सिंह ने संबंधित मुकदमों की पैरवी का दायित्व स्वयं उठाने का निर्णय लिया।
अधिवक्ताओं के नाम की घोषणा जुलाई में
उन्होंने आश्वस्त किया कि ज्ञानवापी का मुकदमा हिंदुओं के पक्ष में आए, इसके लिए हर संभव प्रयास किए जाएंगे। सनातनी हिंदुओं की भावना से खिलवाड़ की अनुमति किसी को नहीं दी जाएगी। यह भी निर्णय लिया गया कि ज्ञानवापी प्रकरण को और मजबूती प्रदान करने के लिए वाराणसी जिला न्यायालय में 46 अधिवक्ताओं की टीम बनाई जाएगी।
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इलाहाबाद हाईकोर्ट के लिए भी विद्वान अधिवक्ताओं की टीम बनेगी। ठीक इसी तरह की व्यवस्था सुप्रीम कोर्ट में की जाएगी। करीब 65 अधिवक्ताओं के नाम की घोषणा जुलाई में होगी। मामले के पैरोकार बनाए गए उदय प्रताप सिंह ने सनातनी हिंदू समाज को सतर्क और सजग रहने के लिए कहा है।