Mission 2024: मणिपुर हिंसा, 2 हजार के नोट...इन मुद्दों पर प्रमोद तिवारी ने BJP को घेरा, बोले- जनता सिखाएगी सबक
कांग्रेस के राज्यसभा सांसद प्रमोद तिवारी रविवार को वाराणसी पहुंचे। पराड़कर भवन में प्रेसवार्ता के दौरान भाजपा सरकार के घेरा। केंद्र सरकार के नौ साल पर नौ सवाल पूछते हुए जोरदार हमला बोला।
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मणिपुर हिंसा, चीन सीमा विवाद और दो हजार के नोट समेत कई मुद्दों को लेकर कांग्रेस के राज्यसभा सांसद प्रमोद तिवारी ने भाजपा सरकार के घेरा। कहा कि अगले साल चुनाव में देश की जनता भाजपा को सबक सिखाएगी। वाराणसी के पराड़कर भवन में रविवार को प्रेसवार्ता के दौरान प्रमोद तिवारी ने केंद्र सरकार के नौ साल पर नौ सवाल पूछते हुए जोरदार हमला किया।
कहा कि अब सरकार में आम आदमी के लिए अंबानी और अदाणी के लिए नीतियां बनती हैं। मणिपुर जल रहा है और सरकार ध्यान नहीं दे रही है। देश की अर्थव्यवस्था के साथ इतने प्रयोग के बाद भी अर्थव्यवस्था ध्वस्त नहीं हुई है तो इसका सारा श्रेय 70 साल के देश के सभी प्रधानमंत्रियों को है।
दो हजार के नोट वापस लेने पर कसा तंज
प्रमोद तिवारी ने कहा कि दो हजार के नोट को कालाधन पर लगाम लगाने के लिए लाया गया था। छह साल छह महीने में ही इसे बंद कर दिया गया।
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कांग्रेस सांसद ने आरोप लगाया कि सरकार ने अपने मित्रों का कालाधन सफेद करने के लिए नोटबंदी की और दो हजार का नोट शुरू किया। इसके साथ ही तंजात्मक लहजे में सरकार को सलाह दी। कहा कि दो हजार का नोट बंद कर रहे हैं तो उसमें जो चिप लगी है उसे जरूर निकाल लें।
पं. नेहरू पर बयानबाजी से समय मिले तो इंदिरा गांधी से लें सबक
प्रमोदी तिवारी ने कहा कि चीन को लाल आंखें दिखाने के बजाय उसको सरकार झूला झूला रही है और व्यावसायिक समझौते कर रही है। उन्होंने पूछा कि सरकार की कौन सी नस दबी हुई है जो देश की जमीन पर चीन का कब्जा है और हम केवल बातें बना रहे हैं। सरकार को सलाह देते हुए प्रमोद तिवारी ने कहा कि अगर पं. नेहरू पर बयानबाजी से समय मिले तो इंदिरा गांधी से सबक लेकर 1972 की तरह ही चीन से बलपूर्वक अपनी जमीन खाली कराएं। इस दौरान डॉ. राजेश मिश्रा, डॉ. प्रमोद तिवारी, राजेश्वर पटेल व राघवेंद्र चौबे मौजूद रहे।