{"_id":"6a633cf1549653e0f8078165","slug":"kashi-vishwanath-dham-online-tickets-for-next-five-days-of-sugam-darshan-available-in-varanasi-2026-07-24","type":"story","status":"publish","title_hn":"काशी विश्वनाथ धाम: सुगम दर्शन के अगले पांच दिन के ऑनलाइन टिकट उपलब्ध, दो लाख श्रद्धालु रोज पहुंच रहे मंदिर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
काशी विश्वनाथ धाम: सुगम दर्शन के अगले पांच दिन के ऑनलाइन टिकट उपलब्ध, दो लाख श्रद्धालु रोज पहुंच रहे मंदिर
Fri, 24 Jul 2026 03:52 PM IST
Pragati Chand
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।
Published by: Pragati Chand
Updated Fri, 24 Jul 2026 03:52 PM IST
सार
Varanasi News: काशी विश्वनाथ मंदिर में सावन से पहले ही श्रद्धालुओं की भारी भीड़ पहुंच रही है। हर दिन दो लाख से ज्यादा श्रद्धालु मंदिर में दर्शन के लिए आ रहे हैं।
विज्ञापन
Kashi Vishwanath Dham
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
श्रीकाशी विश्वनाथ धाम में अगले पांच दिनों के लिए सुगम दर्शन के ऑनलाइन टिकट उपलब्ध हैं, जबकि रुद्राभिषेक और विभिन्न आरतियों की ऑनलाइन बुकिंग पूरी तरह फुल हो चुकी है। सावन नजदीक आते ही श्रीकाशी विश्वनाथ धाम में श्रद्धालुओं की संख्या लगातार बढ़ रही है।
विज्ञापन
प्रतिदिन करीब डेढ़ से दो लाख श्रद्धालु बाबा विश्वनाथ के दर्शन-पूजन के लिए पहुंच रहे हैं। इसके चलते ऑनलाइन बुकिंग तेजी से भर रही है।30 जुलाई से सावन शुरू होगा, जो 28 अगस्त तक चलेगा।
विज्ञापन
इस अवधि के लिए मंगला आरती, रुद्राभिषेक, भोग आरती और सप्तऋषि आरती की ऑनलाइन बुकिंग पूरी तरह भर चुकी है। सावन में संभावित भारी भीड़ को देखते हुए इस अवधि के लिए सभी प्रकार की ऑनलाइन बुकिंग फिलहाल निलंबित कर दी गई है।
विज्ञापन
इसे भी पढ़ें; सावन यात्रा अलर्ट: देवघर और उज्जैन रूट की ट्रेनों में कन्फर्म टिकट खत्म, अगस्त तक मुश्किल में सफर
मंगला आरती के श्रद्धालुओं को गेट नंबर एक (ढुंढीराज गणेश) से प्रवेश दिया जाएगा। उनके बैठने की व्यवस्था दक्षिणी एलईडी क्षेत्र में की जाएगी।सावन को देखते हुए मंदिर प्रशासन पेयजल, पुष्पवर्षा, बैरिकेडिंग, रेलिंग और गोल्फ कार्ट सहित अन्य व्यवस्थाओं को अंतिम रूप देने में जुटा है। बैरिकेडिंग और आवागमन मार्गों की तैयारियां अंतिम चरण में हैं।
एसडीएम शंभू शरण ने बताया कि इस बार श्रद्धालुओं को पहले से बेहतर रेलिंग व्यवस्था के माध्यम से बाबा के गर्भगृह के बाहर तक पहुंचाया जाएगा। सभी तैयारियां अंतिम चरण में हैं। प्रशासन की ओर से लगातार मंदिर और आसपास के क्षेत्र का निरीक्षण किया जा रहा है। साथ ही सावन संबंधी तैयारियों को अंतिम रूप दिया जा रहा है।