काशी धर्म परिषद की बैठक: संतों ने कहा- शिवलिंग से छेड़छाड़ करने वालों पर दर्ज कराएंगे एफआईआर
काशी धर्म परिषद की बैठक में जुमे की नमाज के बाद हुई हिंसा पर निंदा प्रस्ताव पारित किया गया। संत, महंत एवं आचार्यों ने घटना को भयावह और भारतीयों को डराने वाला बताया।
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वैष्णव विरक्त संत समाज ने काशी धर्म परिषद की बैठक में ज्ञानवापी में मिले शिवलिंग के साथ छेड़छाड़ करने वालों पर एफआईआर दर्ज कराने की मांग की गई। संतों ने एक स्वर से इसे स्वीकार किया और आगे कार्रवाई की बात कही। साथ ही देश भर में जुमे की नमाज के बाद हुई हिंसा पर निंदा प्रस्ताव पारित किया गया।
शनिवार को हरतीरथ स्थित सुदामा कुटी में जुटे संत, महंत एवं आचार्यों ने घटना को भयावह और भारतीयों को डराने वाला बताया। परिषद ने देश भर में हुई हिंसा के खिलाफ 16 प्रस्ताव पारित किए। इसे देश भर के धर्माचार्य, केंद्र और राज्य सरकारों को भेजा जाएगा।
संत समाज सड़कों पर उतरेगा
शनिवार को पातालपुरी मठ के महंत बालक दास महाराज की अध्यक्षता में काशी धर्म परिषद की बैठक में नूपुर शर्मा का गला काटने और दुष्कर्म की धमकी देने की निंदा की गई। कोतवाल मोहन दास ने कहा कि हम भगवान राम के रास्ते पर चलने वाले हैं। हम शांति चाहने वाले हैं। जो हिंसा की जा रही है वह अस्वीकार्य है। सरकार तत्काल कदम उठाए अब बहुत हो चुका है।
महंत बालक दास ने कहा कि देश जल रहा है, हमारे मंदिर तोड़े जा रहे हैं। हमारे भगवान का रोज अपमान किया जा रहा है। हम कानून के रास्ते से ही कार्रवाई चाहते हैं। देश को जलने से बचाने के लिए संत समाज सड़कों पर उतरेगा। हम सभी पंथ, अखाड़ों एवं नागाओं से वार्ता कर बड़ा फैसला लेंगे। शिवलिंग में छेद करने वाले इंतजामिया कमेटी के सदस्यों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करवाएंगे।
इस दौरान महंत राघव दास महाराज, महंत अवधकिशोर दास, महंत अवधेश दास, डॉ. राजीव श्रीवास्तव, महंत प्रमोद दास, महंत सत्यनारायण दास, नारायण दास, डॉ. श्रवण दास, महंत रामेश्वर दास, महंत रामशरण दास, महंत सियाराम दास, कोतवाल मोहन दास, कोतवाल विजय दास, महंत ईश्वर दास, महंत सर्वेश्वर शरण दास, महंत चंद्रभूषण दास, महंत वैभव गिरी, तांडव महाराज, रामेश्वर दास, महंत श्रीराम दास ने विचार व्यक्त किए।
प्रमुख प्रस्ताव
- - शुक्रवार (जुमे) के दिन हिंसा करने वाले मुस्लिम कट्टरपंथी नमाजियों पर प्रतिबंध लगाया जाए।
- - जिस मस्जिद से पथराव हो रहा है उस पर पूर्णत: तालाबंदी की जाए।
- - ज्ञानवापी पर सच बोलने वाले राष्ट्रवादी मुसलमान अफसर बाबा को स्थायी सुरक्षा दी जाए।
- - नुपुर शर्मा को दुष्कर्म की धमकी देने वाले जिहादी हैवानों पर रासुका लगाया जाए।
- - देश को इस्लामी आतंकियों से बचाने के लिए संतों को भी सड़क पर उतरना होगा।
- - संतों, महात्माओं और नागा साधुओं की संयुक्त बैठक में देश बचाने की रणनीति पर विचार किया जाएगा।
- - भगवान पर अपमान जनक टिप्पणी करने, फिल्मों में मजाक बनाने वाले जिहादियों को तत्काल जेल भेजा जाए।
- - शुक्रवार के दिन नफरत फैलाने वाली तकरीर देने वाले मौलानाओं को गिरफ्तार कर संपत्ति जब्त की जाए।
- - हर मस्जिद में सीसीटीवी लगे, तकरीर करने वाले मौलानाओं का भाषण रिकॉर्ड हो। भड़काने वाले बयान देने पर रासुका लगे।
- - भारत के सम्मान के साथ खिलवाड़ करने वाले इस्लामी देशों के साथ व्यापारिक रिश्ते खत्म किए जाएं।
- - अपने देश की रक्षा के लिए संत समाज की शहर स्तर पर इकाई गठित की जाएगी इसमें सभी पंथों के लोग शामिल होंगे।
- - नमाजियों द्वारा रांची में हनुमान मंदिर में तोड़फोड़ और हमले की कठोर निंदा की जाती है।