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महिला ने दुधमुंहे बेटे को गोद में लेकर किया आत्मदाह, बेटी ने भागकर बचाई अपनी जान
ब्यूरो, अमर उजाला, जौनपुर
Updated Sat, 29 Jul 2017 12:54 PM IST
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किसी बात से क्षुब्ध महिला ने सात माह के दुधमुंहे बेटे के साथ आग लगाकर जान दे दी। महिला का मकसद बेटा, बेटी के साथ जान देने का था लेकिन माचिस जलाने के पहले ही बेटी मां का हाथ छुड़ा कर भाग गई जिससे उसकी जान बच गई।
मां-बेटे की मौत की यह घटना जौनपुर जिले के केराकत कोतवाली क्षेत्र के सोहनी गांव में शुक्रवार की सुबह हुई। पुलिस ने दोनों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। घटना का कारण नहीं पता चल सका है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
मध्यप्रदेश के रीवा जिले के गौरा गांव की रेखा की शादी मई 2009 में सोहनी गांव के रहने वाले कमलेश से हुई थी। रेखा शुक्रवार की सुबह घर में अपने बच्चों के साथ मौजूद थी। सास कलावती देवी अपनी बेटी के साथ खेत पर गई थी और पति बच्चों के लिए बिस्कुट लेने दूकान पर गया था।
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घर में रेखा के साथ सात माह का बेटा और छह साल की बेटी थी। तभी रेखा ने एक कमरे में पलंग पर अपने सारे कपड़े, बिस्तर रखा और बेटी आंचल, बेटा अमित के साथ उसपर बैठ गई। उसने गैलन उठाकर मिट्टी के तेल खुद और बच्चों के ऊपर उड़ेल लिया।
वह आग लगाने के लिए माचिस की तीली जलाने जा रही थी कि बेटी आंचल मां से हाथ छुड़ाकर रोते हुए घर के बाहर निकल गई। इसके बाद रेखा ने आग लगा ली।
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मां-बेटे की मौत की यह घटना जौनपुर जिले के केराकत कोतवाली क्षेत्र के सोहनी गांव में शुक्रवार की सुबह हुई। पुलिस ने दोनों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। घटना का कारण नहीं पता चल सका है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
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मध्यप्रदेश के रीवा जिले के गौरा गांव की रेखा की शादी मई 2009 में सोहनी गांव के रहने वाले कमलेश से हुई थी। रेखा शुक्रवार की सुबह घर में अपने बच्चों के साथ मौजूद थी। सास कलावती देवी अपनी बेटी के साथ खेत पर गई थी और पति बच्चों के लिए बिस्कुट लेने दूकान पर गया था।
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घर में रेखा के साथ सात माह का बेटा और छह साल की बेटी थी। तभी रेखा ने एक कमरे में पलंग पर अपने सारे कपड़े, बिस्तर रखा और बेटी आंचल, बेटा अमित के साथ उसपर बैठ गई। उसने गैलन उठाकर मिट्टी के तेल खुद और बच्चों के ऊपर उड़ेल लिया।
वह आग लगाने के लिए माचिस की तीली जलाने जा रही थी कि बेटी आंचल मां से हाथ छुड़ाकर रोते हुए घर के बाहर निकल गई। इसके बाद रेखा ने आग लगा ली।
बेटे की हुई अस्पताल में मौत
file photo
- फोटो : अमर उजाला
उसकी चीख सुनकर आस पास के लोग दौड़कर पहुंचे तो देखा वह आग का गोला बन चुकी थी। लोगों ने किसी तरह आग बुझाई लेकिन रेखा की मौके पर ही मौत हो चुकी थी। उसके झुलसे दुधमुंहे सात माह के बेटे अमित की जिला अस्पताल में उपचार के दौरान मौत हो गई।
कमलेश की तहरीर पर पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। कमलेश गुजरात के सूरत में नौकरी करता है। दो महीने पहले ही वह घर आया था। जौनपुर पुलिस अधीक्षक शैलेश पांडेय ने बताया कि यह पता नहीं चल सका है कि रेखा ने ऐसा कदम क्यों उठाया।
घटना का कारण नहीं पता चल सका है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
कमलेश की तहरीर पर पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। कमलेश गुजरात के सूरत में नौकरी करता है। दो महीने पहले ही वह घर आया था। जौनपुर पुलिस अधीक्षक शैलेश पांडेय ने बताया कि यह पता नहीं चल सका है कि रेखा ने ऐसा कदम क्यों उठाया।
घटना का कारण नहीं पता चल सका है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।