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बीएचयू ट्रॉमा सेंटर में घायल को नहीं मिला इलाज: सुरक्षा कर्मी से नोकझोंक, जिला अस्पताल लेकर गए परिजन; नाराजगी

Thu, 17 Sep 2026 06:03 AM IST
Aman Vishwakarma अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी। Published by: Aman Vishwakarma Updated Thu, 17 Sep 2026 06:03 AM IST
सार

बीएचयू ट्रॉमा सेंटर में घायल को समय पर इलाज नहीं मिलने पर परिजन उसे मंडलीय अस्पताल ले गए। परिजनों का आरोप है कि सीटी स्कैन जांच नहीं हो सकी और इमरजेंसी में इलाज में भी देरी हुई। इससे नाराज परिजनों की सुरक्षा कर्मी से नोकझोंक भी हुई। घटना को लेकर परिजनों ने अस्पताल की व्यवस्था पर नाराजगी जताई।

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Injured person denied treatment BHU Trauma Centre Altercation with security took patient district hospital
आईएमएस बीएचयू का ट्रॉमा सेंटर। - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

सुंदरपुर में बुधवार सुबह सड़क हादसे में घायल एक युवक को बीएचयू के ट्रॉमा सेंटर में इलाज कराने ले गए परिजनों को परेशानी का सामना करना पड़ा। आरोप है कि ट्रॉमा सेंटर में पहले सीटी स्कैन कराने की सलाह दी गई। मशीन खराब होने से जांच नहीं हुई तो बीएचयू अस्पताल जाकर सीटी स्कैन कराया गया। इसके बाद आने पर बहुत देर तक इलाज नहीं शुरू हो सका तो परिजन मरीज को लेकर मंडलीय अस्पताल चले गए। ट्रॉमा सेंटर कैंपस में सुरक्षा कर्मियों से परिजनों की नोकझोंक हुई।

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बेनियाबाग निवासी अभिषेक यादव का बुधवार सुबह एक्सीडेंट हो गया। आसपास के लोग घटना स्थल पर पहुंच गए। अभिषेक को बीएचयू के ट्रॉमा सेंटर ले जाया गया। परिजन अमित के अनुसार ट्रॉमा में पहुंचने के बाद पहले कर्मचारियों ने सिटी स्कैन मशीन खराब होने की बात कहते हुए मरीज को सर सुंदरलाल अस्पताल ले जाने को कहा। सुबह चार बजे सिटी स्कैन कराया गया। 

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अधिवक्ता सन्नी केशरी ने बताया कि बीएचयू अस्पताल परिसर स्थित सीटी स्कैन सेंटर से जांच रिपोर्ट लेकर वापस ट्रॉमा सेंटर पहुंचने के बाद करीब दो घंटे तक डॉक्टर और कर्मचारियों के आने का इंतजार करते रहे, लेकिन मरीज को केवल स्ट्रेचर पर रखा गया और उपचार शुरू नहीं किया गया। 

बिना नेम प्लेट ड्यूटी कर रहे एक गार्ड ने अभद्र भाषा का प्रयोग किया और इलाज कराने से मना किया। सन्नी केशरी ने बताया कि ट्रॉमा सेंटर में जब इलाज नहीं मिला तो मजबूरी में मंडलीय अस्पताल लेकर गए और वहां इलाज शुरू हुआ। सन्नी ने ट्रॉमा सेंटर में मरीज को समय से इलाज न मिलने के मामले में आईएमएस बीएचयू प्रशासन से जांच और ठोस कार्रवाई की मांग की।

ट्रॉमा सेंटर में आने वाले सभी मरीजों का तत्काल उपचार, जांच किया जाता है। परिजनों के सीटी स्कैन मशीन खराब होने का आरोप है। सर सुंदरलाल अस्पताल भी आईएमएस का ही अंग है। मरीज के इलाज में लापरवाही की कोई शिकायत नहीं मिली है। - प्रो. अजीत सिंह, प्रभारी ट्रॉमा सेंटर

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