बनारस में होटल इंडस्ट्री बम-बम
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शहर में छोटे-बड़े ढाई सौ से अधिक होटल और गेस्ट हाउस हैं। इनके अलावा, लॉज और धर्मशालाएं भी हैं। होटल इंडस्ट्री के जानकारों के मुताबिक सांस्कृतिक, धार्मिक नगरी काशी में पर्यटन के लिए सैलानियों की आवाजाही लगी रहती है लेकिन चुनावी मौसम में जिस तरह की बहार छाई है, ऐसा सिर्फ देवदीपावली के मौके पर नजर आता है। कार्तिक पूर्णिमा पर यहां के गंगा घाटों पर देव दीपावली की भव्यता निहारने के लिए देश-विदेश से हजारों सैलानी आते हैं। कुछ वैसी ही स्थिति चुनावी माहौल में भी दिख रही है। तारांकित होटलों में लंबी सोर्स-पैरवी के बाद भी कमरे नहीं मिल रहे हैं। कैंटोनमेंट, सारनाथ के अलावा कैंट, अस्सी, दशाश्वमेध, गोदौलिया, चौक, बाबतपुर और रामनगर तक के सभी होटलों में बुकिंग फुल है। रिवाटास के सेल्स और मार्केटिंग मैनेजर अभिषेक शर्मा और होटल सात्विक के राहुल मेहता कहते हैं कि चुनाव बाद भीड़ थोड़ी कम हो जाएगी लेकिन होटल कारोबार के लिए यह साल बेहतरीन रहने वाला है।