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Varanasi News: अखिलेश-ओवैसी के खिलाफ लंबित याचिका पर अब 20 नवंबर को सुनवाई

Fri, 17 Nov 2023 12:51 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Fri, 17 Nov 2023 12:51 AM IST
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Hearing on pending petition against Akhilesh-Owaisi now on 20th November
वाराणसी। ज्ञानवापी के वजूखाने में गंदगी करने और शिवलिंग जैसी आकृति को लेकर सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव व एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी की विवादित बयानबाजी को लेकर निचली अदालत के आदेश के खिलाफ लंबित पुनरीक्षण याचिका पर बृहस्पतिवार को सुनवाई नहीं हो सकी। अपर जिला जज (नवम) की अदालत में लंबित इस मामले में अधिवक्ता सुरेंद्र नाथ दूबे के निधन पर शोक प्रस्ताव के कारण सुनवाई टल गई। सुनवाई की अगली तिथि 20 नवंबर नियत की गई है।
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उधर, इस प्रकरण में विपक्षी संख्या-छह समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव की ओर से आपत्ति दाखिल की गई। अखिलेश यादव की ओर से अधिवक्ता अनुज यादव ने आपत्ति में कहा कि हरिशंकर पांडेय ने अपनी पुनरीक्षण याचिका में निचली अदालत द्वारा पारित आदेश के संबंध में यह स्पष्ट उल्लेख नहीं किया है कि किस आधार पर उनका प्रार्थना पत्र खारिज किया गया था। आपत्ति में यह भी कहा गया कि पुनरीक्षणकर्ता हरिशंकर पांडेय ज्ञानवापी परिसर में अधिवक्ता आयुक्त की कमीशन की कार्रवाई के लिए गठित टीम के सदस्य नहीं थे और न ही मौके पर मौजूद थे। ऐसी स्थिति में किस आधार पर हरिशंकर पांडेय ने यह आरोप लगाया है कि धार्मिक विद्वेष फैलाकर माहौल को बिगाड़ने का प्रयास किया गया। अपने कथन के समर्थन में अधिवक्ता ने ज्ञानवापी में कमीशन की कार्रवाई में शामिल सदस्यों के नाम की सूची अदालत में पेश की। आपत्ति में पुनरीक्षणकर्ता की याचिका को निरस्त करने की मांग की गई है।
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निचली अदालत से खारिज हो चुकी है याचिका

प्रकरण के अनुसार, अधिवक्ता हरिशंकर पांडेय ने सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव और एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी के बयान को हेट स्पीच बताते हुए एसीजेएम पंचम (एमपी-एमएलए) की अदालत में प्रार्थना पत्र दाखिल किया था। आरोप लगाया था कि इन नेताओं ने अमर्यादित और गैरकानूनी बयान देकर हिंदू समाज के प्रति घृणा फैलाने का आपराधिक कृत्य किया है। अदालत ने 14 फरवरी 2023 को हरिशंकर पांडेय के प्रार्थना पत्र को निरस्त कर दिया था। आदेश के खिलाफ चार मार्च 2023 को हरिशंकर पांडेय ने जिला जज की अदालत में पुनरीक्षण याचिका दाखिल की। याचिका की सुनवाई अपर जिला जज (नवम) की अदालत में चल रही है।
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