लखनऊ एनकाउंटर: पूर्व विधायक सीपू की हत्या के बाद बन गया था जरायम जगत का कुख्यात नाम
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लखनऊ में पुलिस मुठभेड़ में मारा गया गिरधारी विश्वकर्मा उर्फ कन्हैया उर्फ डॉक्टर वर्ष 2013 में आजमगढ़ के जीयनपुर कस्बे में पूर्व विधायक सर्वेश सिंह सीपू सहित दो लोगों की हत्या करने के बाद पूर्वांचल में जरायम जगत का कुख्यात नाम हो गया था। इसके साथ ही गिरधारी अपने गिरोह डी-11 के सरगना आजमगढ़ के छपरा सुल्तानपुर निवासी ध्रुव कुमार सिंह उर्फ कुंटू सिंह का सबसे खास शॉर्प शूटर बन गया था।
70 से ज्यादा आपराधिक मुकदमों के आरोपी कुंटू सिंह ने व्यावसायिक प्रतिस्पर्धा की रंजिश और वर्चस्व की लड़ाई में आजमगढ़ के जीयनपुर कस्बे में 19 जुलाई 2013 को सगड़ी के पूर्व विधायक सर्वेश सिंह सीपू सहित दो लोगों की हत्या कराई थी। पुलिस सूत्रों के अनुसार वारदात को अंजाम देने वाले शूटरों में से एक गिरधारी भी था।
वारदात के बाद पुलिस ने कुंटू सिंह और गिरधारी के अलावा राजेन्द्र यादव, रिजवान, विजय यादव उर्फ सचिन, अभिषेक सिंह, रामप्रवेश सिंह, मृत्युजंय सिंह उर्फ मयंक, दिनेश सिंह, अरविंद कश्यप, दुर्गविजय और शिवाश्रय को आरोपी बनाया था। पूर्व विधायक सहित दो लोगों की सनसनीखेज तरीके से हत्या के बाद गिरधारी ने जरायम जगत में खुद को शॉर्प शूटर के तौर पर स्थापित किया।
इसके साथ ही वह पूर्वांचल के एक पूर्व बाहुबली सांसद का भी शागिर्द हो गया। पुलिस का मानना है कि इसके बाद गिरधारी ने जो भी हत्या की, उसमें पूर्वांचल के पूर्व बाहुबली सांसद, कुंटू और अखंड प्रताप सिंह की भूमिका कहीं न कहीं से जरूर रही।