काशी में बदलेंगे घाट के ठाठ: राजघाट से अस्सी तक की लहरों पर सवार होंगे चार क्रूज, माघ पूर्णिमा से शुरू होगा ट्रायल
विश्व प्रसिद्ध काशी के घाट की ठाठ जल्द ही बदली-बदली नजर आएगी। बहुत जल्द ही गंगा में चार क्रूजों का संचालन शुरू होगा। इसके बाद देसी, विदेशी पर्यटक यहां गंगा में क्रूज की सवारी का आनंद ले सकेंगे। फिलहाल इस समय गंगा में अलकनंदा और रोरो सर्विस दो क्रूज चल रहे हैं।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
गंगधार से शिव के एकाकार का सपना साकार होने के साथ ही काशी में जल परिवहन को गति मिलने की उम्मीद है। माघ पूर्णिमा पर राजघाट से अस्सी तक चार क्रूज को गंगा की लहरों पर सवार करने की तैयारी है। इसमें घाट के दोनों छोर से क्रूज श्रद्धालुओं और पर्यटकों को ललिता घाट तक पहुंचाएंगे।
यह प्रयोग सफल रहा तो काशी विश्वनाथ का दर्शन जलमार्ग से करने का श्रद्धालुओं का सपना जल्द साकार हो सकेगा। बहुत जल्द ही गंगा में चार क्रूजों का संचालन शुरू होगा। इसके बाद देसी, विदेशी पर्यटक यहां गंगा में क्रूज की सवारी का आनंद ले सकेंगे।
क्रूज पर दिखाया जाएगा काशी से संबंधित वीडियो
खास बात यह है कि गंगा घाटों के किनारे से जब क्रूज गुजरेगा तो लोगों को घाटों से जुड़ी जानकारियां और उसको लेकर तैयार वीडियो भी दिखाए जाएंगे। फिलहाल इस समय गंगा में अलकनंदा और रोरो सर्विस दो क्रूज चल रहे हैं। अब इनकी संख्या बढ़ाकर चार करने की तैयारी है।
इसके बाद राजघाट से अस्सी तक का सफर लोग कर सकेंगे। प्रशासन की ओर से माघ पूर्णिमा से इसका ट्रायल शुरू किया जाएगा। इसी क्रूज से शिवभक्तों को ललिता घाट भी पहुंचाने की व्यवस्था रहेगी। महाशिवरात्रि पर भीड़ को लेकर प्रशासन ने जल परिवहन की कार्ययोजना बना ली है।
मंडलायुक्त दीपक अग्रवाल ने कहा कि माघ पूर्णिमा से गंगा में चार क्रूज के संचालन की तैयारी है। इसको लेकर सभी औपचारिकताएं समय से पूरी करा ली जाएंगी। महाशिवरात्रि पर काशी आने वाले शिवभक्तों को ललिता घाट जाने के साथ ही राजघाट से अस्सी तक भी इस पर सवारी कर सकेंगे।
पढ़ेंः एप बताएगा बाबा दरबार में आपका नंबर कब आएगा, मंदिर में भीड़ की स्थिति और रास्तों की जानकारी भी मिलेगी