फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Varanasi News ›   Even after Ayushman card, father wanders all night for treatment of son

आयुष्मान कार्ड के बाद भी बेटे के इलाज के लिए पूरी रात भटकता रहा पिता

Sun, 09 Feb 2020 08:59 PM IST
स्‍वाधीन तिवारी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंदौली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंदौली Published by: स्‍वाधीन तिवारी Updated Sun, 09 Feb 2020 08:59 PM IST
विज्ञापन
Even after Ayushman card, father wanders all night for treatment of son
संदीप कुमार बेटे यश कुमार के साथ - फोटो : amar ujala

सरकारें योजनाएं तो बना देती हैं, पर उनको हकीकत में लागू करने की उचित व्यवस्था के अभाव में जरूरतमंद इनका लाभ लेने से वंचित ही रह जाते हैं। ऐसा ही कुछ चंदौली जिले के बरठी गांव निवासी संदीप कुमार के बेटे यश कुमार के साथ हुआ। वह दो महीने से पेट की गंभीर बीमारी से पीड़ित और परेशान था। आयुष्मान जन आरोग्य कार्ड धारक होने के बावजूद पैसे के अभाव में बेटे की जीवन के लिये दर-दर भटक रहा था।

विज्ञापन

 

हद तो तब हो गई जब संदीप कुमार ध्रुव बीते दो माह से अपने पांच वर्षीय बेटे यश कुमार के पेट की गंभीर बीमारी को लेकर मंदिर-मस्जिद से लेकर सरकारी अस्पताल तक इलाज के लिये दर-दर भटक रहा था। प्रधानमंत्री आयुष्मान जन आरोग्य योजना के तहत गोल्डेन कार्ड होने के बाद भी इलाज नहीं हो पा रहा था। शनिवार की शाम हालत खराब होने पर पिता संदीप अपने बच्चे को लेकर बीएचयू अस्पताल गए। संदीप के अनुसार वह बीएचयू अस्पताल के इमरजेंसी वह चिकित्सकों से गुहार लगाता रहा। आयुष्मान का कार्ड भी दिखाया, लेकिन किसी ने नहीं सुनी।

विज्ञापन


चिकित्सक प्रतिदिन पांच हजार रुपये का खर्च बताकर भर्ती करने की बात कर रहे थे। पूरी रात गुहार लगाने के बाद जब कोई सुनवाई नहीं हुई तो वह थकहाकर रविवार की सुबह बच्चे को लेकर घर आ गया। इसकी जानकारी उत्तर प्रदेश जर्नलिस्ट एसोसिएशन के पदाधिकारियों को हुई। तब कोषाध्यक्ष सहित अन्य पदाधिकारियों ने बच्चे के सहयोग की भावना से उपजा सकलडीहा की ओर से आर्थिक मदद के साथ सोशल मीडिया पर सहयोग की अपील की।
विज्ञापन
विज्ञापन


सोशल मीडिया पर सूचना पढ़ते ही एक निजी अस्पताल के निदेशक डा केएन पांडेय ने बच्चे का निशुल्क इलाज के लिए रविवार की दोपहर एम्बुलेंस से हॉस्पिटल ले गये। वहां बच्चे का इलाज शुरू हो गया है। हॉस्पिटल संचालक के इस सहयोग का ग्रामीणों ने काफी प्रंशसा और आभार प्रकट किया। इस मौके पर हॉस्पिटल के प्रबंधक एसएन पांडेय, अनुपम चौबे, रितेश खरवार, अजय पटेल, विनोद, पवन मिश्रा आदि मौजूद रहे।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed