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'गैर-हिंदुओं का प्रवेश वर्जित': बनारस के गंगा घाटों पर विवादित पोस्टर के खिलाफ कार्रवाई की मांग, अपर पुलिस कमिश्नर को सौंपा पत्रक
Fri, 07 Jan 2022 10:06 PM IST
उत्पल कांत
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
Published by: उत्पल कांत
Updated Fri, 07 Jan 2022 10:06 PM IST
सार
वाराणसी में गुरुवार को कई गंगा घाटों पर पोस्टर लगाए गए थे। पोस्टर में लिखा था कि काशी के गंगा घाट पर गैर-हिंदुओं का प्रवेश वर्जित है। इस विवादित पोस्टर के खिलाफ कांग्रेस ने कार्रवाई की मांग की है।
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कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल ने अपर पुलिस कमिश्नर को सौंपा पत्रक
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
बनारस के गंगा घाटों पर धार्मिक भेदभाव के लिए लगाए गए विवादित पोस्टर के खिलाफ कांग्रेस ने कार्रवाई की मांग की है। महानगर कांग्रेस कमेटी के प्रतिनिधिमंडल ने अपर पुलिस कमिश्नर (अपराध) से मुलाकात कर पत्रक सौंपा।
शुक्रवार को महानगर अध्यक्ष राघवेंद्र चौबे ने कहा कि चुनाव जब-जब होते हैं भाजपा के सहयोगी संगठनों द्वारा धार्मिक भेदभाव के पोस्टर लगाए गए हैं जो अनुचित हैं। चुनाव के समय धार्मिक तनाव भाजपा के चुनावी एजेंडे में होता है। प्रशासन से मांग करते हैं कि जो धार्मिक भेदभाव दुष्प्रचार कर रहे हैं उन पर तत्काल कार्यवाही करें।
ये है पूरा मामला
गंगा घाटों पर गुरुवार को विवादित पोस्टर लगे दिखे। इन पोस्टरों में गंगा घाटों पर गैर-हिंदुओं के प्रवेश पर प्रतिबंध की बात लिखी गई है। पोस्टर पर विश्व हिंदू परिषद व बजरंग के दल के नाम हैं। विश्व हिंदू परिषद व बजरंगदल की ओर से कहा गया है कि मंदिरों में भी ऐसे पोस्टर लगाने की योजना है।
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पढ़ेंः वाराणसी में प्रधानमंत्री की लंबी उम्र के लिए दुआख्वानी, कांग्रेस के खिलाफ नारेबाजी, पंजाब सीएम का पुतला फूंका
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शुक्रवार को महानगर अध्यक्ष राघवेंद्र चौबे ने कहा कि चुनाव जब-जब होते हैं भाजपा के सहयोगी संगठनों द्वारा धार्मिक भेदभाव के पोस्टर लगाए गए हैं जो अनुचित हैं। चुनाव के समय धार्मिक तनाव भाजपा के चुनावी एजेंडे में होता है। प्रशासन से मांग करते हैं कि जो धार्मिक भेदभाव दुष्प्रचार कर रहे हैं उन पर तत्काल कार्यवाही करें।
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ये है पूरा मामला
गंगा घाटों पर गुरुवार को विवादित पोस्टर लगे दिखे। इन पोस्टरों में गंगा घाटों पर गैर-हिंदुओं के प्रवेश पर प्रतिबंध की बात लिखी गई है। पोस्टर पर विश्व हिंदू परिषद व बजरंग के दल के नाम हैं। विश्व हिंदू परिषद व बजरंगदल की ओर से कहा गया है कि मंदिरों में भी ऐसे पोस्टर लगाने की योजना है।
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देखते ही देखते पोस्टर सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। जिसके बाद समाजवादी पार्टी ने इसे भाजपा और विश्व हिंदू परिषद (विहिप) के द्वारा धार्मिक ध्रुवीकरण करने की साजिश करार दिया है। पुलिस ने कहा है कि ऐसे पोस्टर मिले तो नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
बुल्ली बाई एप के खिलाफ 'दखल' का प्रदर्शन
बुल्ली बाई एप के खिलाफ दखल का प्रदर्शन
- फोटो : अमर उजाला
बुल्ली बाई एप के विरोध में 'दखल' ने शुक्रवार को चेत सिंह घाट पर विरोध प्रदर्शन किया। जिसमें बीएचयू, विद्यापीठ के विद्यार्थियों के बनाए गए चित्रों की प्रदर्शनी लगाई गई। डॉ. इंदु पांडेय ने इंटरनेट पर हो रही अभद्रता, ट्रोलिंग, अश्लील मीम्स और बुल्ली बाई एप पर 100 से ज्यादा मुस्लिम महिलाओं की बोली लगाने के मामलों की निंदा की। विरोध में काले गुब्बारे उड़ाए। शालिनी ने कहा कि दखल संगठन महिलाओं के खिलाफ होने वाले किसी भी अमर्यादित कृत्य की निंदा करता है। इस दौरान सोशल मीडिया पर सचेत रहने का संदेश दिया गया।