फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Varanasi News ›   E-buses are getting discharged one trip eight are damaged due to battery

Varanasi News: एक चक्कर में ही डिस्चार्ज हो रही हैं ई-बसें, बैटरी की वजह से आठ खराब, जानें- क्या है कारण

Sun, 26 May 2024 08:05 PM IST
अमन विश्वकर्मा अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी Published by: अमन विश्वकर्मा Updated Sun, 26 May 2024 08:05 PM IST
सार

Varanasi News: वाराणसी सिटी ट्रांसपोर्ट सर्विसेज अधिकारियों के अनुसार, 100 पीएम ई-बसें शहर में आने वाली हैं। पहले से संचालित डीजल की 90 बसें बाहर हो जाएंगी। यह बसें अपनी अवधि पूरी कर चुकी हैं। कैंट बस स्टेशन, अखरी बाईपास, बड़ालालपुर-पांडेयपुर रोड स्थित मढ़वा और सारनाथ में चार्जिंग स्टेशन बनाया जा रहा है।

विज्ञापन
E-buses are getting discharged one trip eight are damaged due to battery
ई-बस। - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

सिटी ट्रांसपोर्ट सर्विसेज की अधिकतर ई-बसों की बैटरी जवाब दे रही है। साल भर पुरानी और एसी चलने से एक ही चक्कर बैटरी डिस्चार्ज हो जा रही है। वाराणसी सिटी ट्रांसपोर्ट सर्विसेज लिमिटेड के बेड़े में 50 ई-बसें हैं। डिपो से एक बार फुल चार्ज होकर 160 किमी बसों का संचालन होता है। 

विज्ञापन


इस समय तापमान इतना अधिक है कि गर्मी में वातानुकूलित बसें ज्यादा देर तक चलने के दौरान बंद हो जा रही हैं। किसी तरह यात्रियों को दूसरी बसों में शिफ्ट कराकर भेजा जाता है। एआरएम एके सिंह के अनुसार, बसों की चार्ज करने के लिए मिर्जामुराद चार्जिंग स्टेशन भेजना पड़ता है। बैटरी के अभाव में आठ ई-बसें डिपो में खड़ी हैं।
विज्ञापन


बढ़ती गर्मी से साधारण रोडवेज बसों को नहीं मिल रहे यात्री
तापमान में बढ़ोतरी के कारण लोग घर से नहीं निकल रहे हैं। इस कारण रोडवेज बस डिपो कैंट पर अधिकतर बसें खाली रह रही हैं। इससे चालक-परिचालक खाली बैठे हैं। सुबह धूप निकलने से पहले और शाम 4 बजे के बाद ही यात्रियों की चहल-पहल दिखाई दे रही है। लंबी दूरी की बसों के अलावा कम दूरी की भी ज्यादातर बसें सुबह और शाम ही चल रही हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


कैंट बस स्टेशन से आसपास के जिलों के अलावा लखनऊ, गोरखपुर, शक्तिनगर, प्रयागराज, कानपुर अन्य रूटों पर साधारण बसों में यात्री सवार नहीं होना चाहते हैं। ज्यादातर यात्रियों का झुकाव वातानुकूलित बसों की ओर है। रोडवेज अधिकारियों के अनुसार सुबह और शाम के समय बसें भर जा रही हैं। जबकि दोपहर के समय दो से तीन बसें ही निकल रही हैं। 


वहीं, रोडवेज बस स्टेशन पर इस समय सबसे अधिक बोतलबंद पानी की बिक्री हो रही है। क्षेत्रीय प्रबंधक गौरव वर्मा ने बताया कि गर्मी से बचाव को लेकर सभी उपाय किए गए हैं। यात्रियों की भीड़ के हिसाब से बसों का संचालन विभिन्न रूटों पर कराया जा रहा है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed