वाराणसीः प्रापर्टी डीलरों और भूमाफिया की खंगाली जा रही कुंडली, गैंगस्टर एक्ट के तहत होगी कार्रवाई
हाईवे का चौड़ीकरण और रिंगरोड बनने के बाद शहर से सटे ग्रामीण क्षेत्र जैसे रोहनिया, अखरी, लोहता, गंगापुर, हरहुआ, बड़ागांव, चोलापुर, चौबेपुर आदि क्षेत्रों में जमीन के दामों में काफी वृद्धि हुई है। इसके बाद इन क्षेत्रों में अवैध प्रापर्टी डीलरों, भूमाफिया व आपराधिक प्रवृत्ति के लोग सक्रिय हो गए हैं।
विस्तार
किसानों को धमकाकर औने-पौने दाम पर जमीन की खरीद-फरोख्त करने वाले प्रापर्टी डीलरों और भूमाफिया की कुंडली खंगाली जा रही है। प्लाटिंग के इन खिलाड़ियों की आय की जांच कराई जाएगी और अवैध संपत्ति जब्त करने के साथ गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई की जाएगी। पुलिस यह भी पता लगा रही है कि किन-किन प्रापर्टी डीलरों का संबंध आपराधिक प्रवृत्ति के लोगों से है।
रोहनिया में एनडी तिवारी हत्याकांड में पुलिस की तफ्तीश में सामने आया कि रिंग रोड और हाईवे के किनारे की जमीन अपराधियों के सहयोग से प्रापर्टी डीलर खरीद-फरोख्त कर रहे हैं। इनका साथ सफेदपोश भी दे रहे हैं।
हाईवे का चौड़ीकरण और रिंगरोड बनने के बाद शहर से सटे ग्रामीण क्षेत्र जैसे रोहनिया, अखरी, लोहता, गंगापुर, हरहुआ, बड़ागांव, चोलापुर, चौबेपुर आदि क्षेत्रों में जमीन के दामों में काफी वृद्धि हुई है। इसके बाद इन क्षेत्रों में अवैध प्रापर्टी डीलरों, भूमाफिया व आपराधिक प्रवृत्ति के लोग सक्रिय हो गए हैं।
पुलिस की जांच में सामने आया कि एक संगठित गिरोह लोगों की भूमि पर अवैध तरीके से कब्जा दिलाने का कार्य करता है। इसमें कुछ सफेदपोशों भी शामिल हैं। जमीन की खरीद-फरोख्त से जुड़े ज्यादातर लोग संबंधित विभागों में रजिस्ट्रेशन भी नहीं कराया है।
पुलिस की जांच में यह भी सामने आया है कि प्रापर्टी डीलिंग के कार्यों में लिप्त भूमाफिया व आपराधिक तत्वों की मिलीभगत से कमजोर तबके के लोगों को बहला-फुसलाकर या धमकी देकर उनकी कीमती जमीनों पर कब्जा किया जा रहा है। इधर, जमीन के खरीद-फरोख्त में फर्जीवाड़ा व कब्जा दखल में अवरोध उत्पन्न किये जाने की शिकायतें भी लगातार आ रही हैं।
इसे देखते हुए पुलिस अभियान के तहत प्रत्येक थाना क्षेत्र में ऐसे ही अवैध प्रापर्टी डीलरों, भूमाफिया, भूमि के खरीद-फरोख्त से जुड़े आपराधिक तत्वों को चिह्नित करने करने लगी है। अवैध रूप से अर्जित की गई भूमि व आय के स्रोत की जांच कराकर इनके खिलाफ गैंगेस्टर एक्ट के तहत संपत्ति जब्तीकरण की कार्रवाई की जाएगी।