UP: डीन और प्रधानाचार्य के खिलाफ यौन उत्पीड़न के मामले में कोर्ट ने अंतिम रिपोर्ट की निरस्तीकरण का दिया आदेश
याचिका में उल्लेख किया गया था कि स्कूल के कार्यक्रमों में महिलाओं से अश्लील डांस करने के लिए कहा जाता था। इस मामले में अदालत ने पांच जून को प्रेषित अंतिम रिपोर्ट को निरस्त कर दिया है।
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मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट मनीष कुमार द्वितीय की अदालत ने शिक्षिका की याचिका पर बुधवार को सिगरा थाने की पुलिस की फाइनल रिपोर्ट (एफआर) निरस्त कर दी। यह रिपोर्ट 5 जून को अदालत में दाखिल की गई थी। शिक्षिका का आरोप था कि सिगरा स्थित सनबीम डालिम्स के डीन शुभोदीप डे और प्रधानाचार्या प्रतिभा द्विवेदी ने गलत काम करने का दबाव डाला।
ऐसा नहीं किया तो विद्यालय से निष्कासित कर दिया। मामले में मुकदमा दर्ज हुआ लेकिन विवेचक ने एकतरफा रिपोर्ट लगा दी। अब अदालत ने मामले की विवेचना 60 दिन में नए सिरे से करके रिपोर्ट उपलब्ध कराने का आदेश दिया।
स्वरोजगार के लिए महिलाओं को किया गया जागरूक
भारतीय औद्योगिक व्यापार एसोसिएशन की ओर से दुर्गाकुंड स्थित हनुमान प्रसाद पोद्दार अंध विद्यालय में महिला सर्वांगीण रोजगार उद्यमी महासमागम का आयोजन किया गया। यहां महिलाओं को स्वरोजगार के फायदे बताते हुए हर मदद का आश्वासन दिया गया। मुख्य अतिथि राज्यमंत्री डॉ. दयाशंकर मिश्र ने ऋण योजनाओं के बारे में बताया। एसोसिएशन के अध्यक्ष रंजीत केशरी ने कहा कि जिन्हें भी बैंकों से रोजगार के लिए लोन नहीं मिलेगा, उन्हें शासन स्तर से मंत्रियों से बातचीत कर लोन दिलाया जाएगा। इस दौरान संगीता मिश्रा, नंदिता चटर्जी, वंदना रघुवंशी, अमृता श्रीवास्तव, प्रीति रवि जायसवाल आदि मौजूद रहीं।