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चंदौली: लोन के नाम पर साइबर ठगी करते थे, 25 हजार का इनामी गिरफ्तार; फर्जी माइक्रो फाइनेंस कंपनी का खेल

Wed, 16 Sep 2026 08:39 PM IST
Aman Vishwakarma अमर उजाला नेटवर्क, चंदाैली।
अमर उजाला नेटवर्क, चंदाैली। Published by: Aman Vishwakarma Updated Wed, 16 Sep 2026 08:39 PM IST
सार

लोन के नाम पर साइबर ठगी करने वाले गिरोह के 25 हजार रुपये के इनामी वांछित आरोपी आशीष गैलवार निवासी फर्रुखाबाद को साइबर सेल और सर्विलांस टीम ने गिरफ्तार किया। आरोपी को लखनऊ के चिनहट थाना क्षेत्र से मोबाइल लोकेशन के आधार पर पकड़ा गया। गिरोह फर्जी माइक्रो फाइनेंस कंपनियों के नाम पर प्रोसेसिंग फीस, सिक्योरिटी मनी और बीमा शुल्क वसूलता था।

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Chandauli Cyber fraudster running fake micro-finance company swindling people under guise loans arrested
जांच में जुटी पुलिस। - फोटो : अमर उजाला डिजिटल

विस्तार

कम ब्याज दर पर लोन दिलाने का झांसा देकर लोगों से प्रोसेसिंग फीस, सिक्योरिटी मनी, बीमा शुल्क और अन्य चार्ज के नाम पर रकम वसूलने वाले साइबर ठगी गिरोह के 25 हजार रुपये के इनामी वांछित आरोपी को साइबर सेल और सर्विलांस टीम ने गिरफ्तार किया है। आरोपी आशीष गैलवार निवासी फर्रुखाबाद को मंगलवार रात लखनऊ कमिश्नरेट के चिनहट थाना क्षेत्र से मोबाइल लोकेशन के आधार पर पकड़ा गया। उसके पास से एक की-पैड मोबाइल बरामद हुआ।

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अपर पुलिस अधीक्षक अनंत चंद्रशेखर ने बताया कि साइबर शिकायतों की जांच के दौरान इस गिरोह के बारे में जानकारी सामने आई। गिरोह के सदस्य सत्कार निधि लिमिटेड और अन्य फर्जी माइक्रो फाइनेंस कंपनियों के नाम का इस्तेमाल कर लोगों को कम ब्याज दर पर ऋण उपलब्ध कराने का झांसा देते थे। इसके लिए सोशल मीडिया, मोबाइल कॉल और अन्य माध्यमों से लोगों से संपर्क किया जाता था।

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पुलिस के अनुसार, लोन स्वीकृत कराने के नाम पर पहले पीड़ितों से प्रोसेसिंग फीस जमा कराई जाती थी। इसके बाद सिक्योरिटी मनी, बीमा शुल्क और अन्य चार्ज के नाम पर अलग-अलग रकम की मांग की जाती थी। इस तरह अलग-अलग मदों में रकम जमा कराने के बाद आरोपियों की ओर से लोगों से संपर्क बंद कर दिया जाता था। साइबर फ्रॉड से हासिल रकम भी गिरोह से जुड़े बैंक खातों में मंगाई जाती थी।

शिकायतों के विश्लेषण और तकनीकी जांच के दौरान पुलिस ने समन्वय पोर्टल और राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल पर उपलब्ध अभिलेखों का सत्यापन किया। जांच में गिरोह द्वारा संचालित बैंक खातों और उसकी गतिविधियों से संबंधित विभिन्न राज्यों की 16 साइबर शिकायतें दर्ज मिलीं। इसके अलावा गौतमबुद्धनगर (नोएडा) में भी धोखाधड़ी का एक मुकदमा दर्ज होने की जानकारी पुलिस को मिली।

पुलिस के मुताबिक, गिरोह से जुड़े बैंक खातों में करीब 1.42 करोड़ रुपये की साइबर ठगी की रकम होल्ड मिली है। आरोपी की गिरफ्तारी के बाद पुलिस अब गिरोह के अन्य सदस्यों और उनके नेटवर्क के बारे में जानकारी जुटा रही है। साथ ही बैंक खातों में हुए वित्तीय लेन-देन और डिजिटल साक्ष्यों की भी जांच की जा रही है। पुलिस का कहना है कि जांच के आधार पर मामले में आगे की कार्रवाई की जाएगी।

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