कार पलटने से चार घायलों में हुई थी एक की मौत, अब जिदंगी से जंग लड़ते-लड़ते घर के इकलौते चिराग ने भी तोड़ा दम
चंदौली जिले के मुगलसराय कोतवाली के बखरा गांव के पास गुरुवार देर शाम बेकाबू होकर कार पलटने से उसमें सवार चार लोग घायल हो गए थे। सभी को ट्रॉमा सेंटर पहुंचाया गया था। यहां इलाज के दौरान चार घायलों में शनिवार को एक और युवक उदय प्रताप सिंह की भी मौत हो गई। जबकि एक युवक की गुरुवार की देर रात को पहले ही मौत हो गई थी। वहीं अन्य दो की हालत ट्रामा सेंटर में गंभीर बनी हुई है। इधर इकलौते बेटे उदय की मौत के बाद घर कोहराम की स्थिति है।
क्षेत्र के चांदीतारा गांव निवासी सुनील सिंह(28), उदय प्रताप सिंह(30), सत्येंद्र सिंह(30) और पियूष सिंह(30) कार से किसी काम से बाहर निकले थे। चारों बृहस्पतिवार की रात करीब आठ बजे कार से घर की ओर लौट रहे थे। इसी बीच बखरा गांव के समीप कार बेकाबू होकर सड़क के किनारे बबूल के पेड़ से टकराते हुए खाई में पलट गई।
घटना के बाद मौके पर मौजूद लोगों की सूचना पर पहुंची पुलिस ने ग्रामीणों को मदद से सभी को बाहर निकाला और इलाज के लिए ट्रॉमा सेंटर बीएचयू भेज दिया। यहां इलाज के दौरान बृहस्पतिवार की देर रात सुनील की मौत के बाद शनिवार को उदय की मौत ने घर वालों को झकझोर कर रख दिया है। मृतक घर का इकलौता बेटा था। बेटे के निधन से पिता दाऊ सिंह और मां मांडवी बदहवाश हैं। मां पिता को अब कुछ सुझाई नहीं दे रहा है। पुलिस ने शव को कब्जे में ले पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
मकान बनाकर बेटे की शादी का सपना रह गया अधूरा
बखरा गांव के समीप कार हादसे में घायल चांदी तारा गांव निवासी उदय प्रताप सिंह की असमय निधन से घर का चिराग बुझ गया। बेटे के निधन से पिता दाऊ सिंह और मां मांडवी सिंह बेहाल हैं। बेटे को याद कर मां बेहोश हो जा रही हैं। युवक की शादी अभी नहीं हुई थी। पिता मकान बनवा रहे थे। उनका सपना था कि मकान पूरा होने के बाद बेटे की शादी धूमधाम से करेंगे मगर होनी को कुछ और मंजूर था, असमय बेटे की मौत ने उनके सपनों को मिट्टी में मिला दिया।