वाराणसी: बीटेक के बाद नहीं मिली नौकरी तो सोशल मीडिया पर फैलाई नफरत, साइबर क्राइम पुलिस ने चंदौली से दबोचा
वाराणसी के साइबर क्राइम थाना की टीम ने एक ऐसे युवक को गिरफ्तार किया है जो सोशल मीडिया पर लगातार नफरत फैला रहा था। आरोपी युवक ने अलीगढ़ से इंजीनियरिंग की पढ़ाई पूरी की है।
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सोशल मीडिया के विभिन्न प्लेटफॉर्म पर धार्मिक भावनाओं को भड़काने और सौहार्द बिगाड़ने के आरोप में वाराणसी साइबर क्राइम थाना की टीम ने आरोपी बीटेक पास छात्र को चंदौली के पीडीडीयू नगर कोतवाली क्षेत्र से गिरफ्तार किया। पिछले दो माह से आरोपी छात्र की गिरफ्तारी को टीम प्रयासरत थी।
साइबर क्राइम थाने के अनुसार अलीगढ़ से इंजीनियरिंग की पढ़ाई पूरी की और बीटेक करने के बाद से नौकरी की तलाश में था। हालांकि नौकरी नहीं मिलने पर कुंठित होकर छात्र ने सोशल मीडिया पर प्रदेश सरकार और हिंदुओं के खिलाफ भडकाऊ और कई अपमानजक पोस्ट किया था।
दो माह से आरोपी को तलाश रही थी पुलिस
साइबर थाना प्रभारी राहुल शुक्ला के अनुसार दो नवंबर 2021 को साइबर क्राइम थाने में उच्चाधिकारियों के निर्देश पर आईटी एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज हुआ था। इसके बाद से आरोपी की छानबीन में पुलिस की टीमें जुटी हुई थी।
ट्विटर से काफी प्रयासों के बाद सूचना मिलने पर आईपी ऐड्रेस, सीडीआरआई, एमआईसीटीआर के गहन विश्लेषण के बाद आरोपी चंदौली के मुगलसराय कोतवाली अंतर्गत काली महाल निवासी संजय कुमार गुप्ता उर्फ संजय राव के बारे में जानकारी मिली। मुगलसराय कोतवाली पुलिस की मदद से आरोपी को काली महाल से गिरफ्तार किया गया।
ट्विटर अकाउंट हो चुका है सस्पेंड
पूछताछ के दौरान आरोपी संजय राव ने बताया कि उसने इंफॉरेशन टेक्नोलॉजी में बीटेक की डिग्री शिवानंद सिंह इंस्टिट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी एंड मैनेजमेंट कॉलेज अलीगढ़ से ली है। पुलिस को संजय ने बताया कि ट्विटर अकाउंट पर हिंदू धर्म और ब्राह्मणों को लेकर कई अपमानजनक पोस्ट किया गया है, जिसके कारण मेरा ट्विटर अकाउंट सस्पेंड हो गया है।
बीटेक के बाद कई बार नौकरी का प्रयास किया लेकिन नौकरी नहीं मिली, जिससे सरकार और व्यवस्था से काफी नाखुश रहा, इसलिए ट्विटर पर हिंदू धर्म, ब्राह्मण जाति और पुलिस के प्रति अपमानजनक बातें लिखकर पोस्ट की।