बर्ड फ्लू: बरतेंगे ये सावधानियां तो सुरक्षित रहेंगे, कौवों में वायरस मिलने से सहमे लोग
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कोरोना वायरस के बाद अब बर्ड फ्लू का डर लोगों को सता रहा है। वाराणसी के रोहनिया के मोहनसराय में मृत मिले कौवों में बर्ड फ्लू के वायरस की पुष्टि के बाद स्वास्थ्य विभाग इससे निपटने की तैयारी में जुट गया है। लोगों में भी चर्चा शुरू हो गई है।
चिकित्सकों के मुताबिक, बर्ड फ्लू के वायरस संक्रमण काफी तेजी से होता है। अगर समय रहते सावधानी नहीं बरती गई तो खतरा बढ़ सकता है। जिस इलाके में वायरस मिला है, उस क्षेत्र के लोगों के साथ अन्य लोगों को भी सतर्कता बरतने की जरूरत है। खासकर, चिकन और अंडे के सेवन के प्रति विशेष सावधानी बरतनी होगी।
क्या है बर्ड फ्लू
मोहनसराय में काफी संख्या में कौवों की मौत हो गई थी। इनके सैंपल जांच के लिए भोपाल स्थित लैब भेजे गए थे। भोपाल से आई रिपोर्ट में एक कौवे में एच5एन1 वायरस की पुष्टि हुई है। एवियन इन्फ्लूएंजा(एच5, एन1) वायरस को बर्ड फ्लू भी कहते हैं। इसका संक्रमण पक्षियों के साथ ही इंसानों को प्रभावित करता है। मुर्गा, बत्तख आदि पक्षियों में इसकी संभावना अधिक रहती है। समय से ध्यान न देने पर मौत भी हो सकती है।
बर्ड फ्लू के लक्षण
- बुखार
- हमेशा कफ रहना
- नाक बहना
- सिर में दर्द
- गले में सूजन
- मांसपेशियों में दर्द
- दस्त होना
- हर वक्त उल्टी आने जैसा महसूस होना
- पेट के निचले हिस्से में दर्द रहना
- सांस लेने में समस्या, सांस न आना, निमोनिया होना
- आंखों में कंजक्टिवाइटिस का संक्रमण
ये बरते सावधानियां
- मरे हुए पक्षियों से दूर रहें।
- अगर किसी पक्षी की मौत होती है तो इसकी सूचना विभाग को दें।
- बर्ड फ्लू वाले एरिया में नॉनवेज न खरीदें और न ही खाएं।
- घर से बाहर मॉस्क पहनकर बाहर निकलें।